गतांक से आगे…. प्रस्थानत्रयी के प्रधान साहित्य उपनिषद की विशेष रीति से और दूसरे साधारण साहित्य गीता की साधारण रीति से आलोचना हो गई। दोनों साहित्य में आसुरी सिद्धांतों का मिश्रण सिद्ध हो गया। अब उक्त दोनों पुस्तकों के आसुरी सिद्धांतों को दार्शनिक रूप देने के लिए जो वेदान्तदर्शन नामी नवीन दर्शन गढ़ा गया है, […]
Author: देवेंद्र सिंह आर्य
लेखक उगता भारत समाचार पत्र के चेयरमैन हैं।
संसार का सुख क्षणभंगुर है।लेकिन मुक्ति का आनंद वर्णनातीत है जो केवल अनुभव किया जा सकता है । उस परमानंद के सामने सांसारिक सुख कदापि महत्व नहीं पा सकते ।मानव के जीवन का उद्देश्य एकमात्र यही है कि वह परम आनंद को पाता रहे। परमानंद को पाकर उसकी पूर्ण आयु ,महाकाल पर्यंत रमण करता रहे […]
पुष्परंजन ग्यारह नवंबर, 2021 को पीपुल्स लिबरेशन आर्मी यानी पीएलए 72वां स्थापना दिवस मना रही थी। उस मौके पर केडी-63 प्रक्षेपास्त्रों से लैस चीनी युद्धक विमान ‘एचसिक्स-के’ भारतीय सीमा पार क्या धौंस-पट्टी दिखाने के लिए उड़ानें भर रहे थे, या रूस से आ रही एस-400 मिसाइलों की खेप का भय था? पीएलए, इस समय तिब्बत […]
गतांक से आगे…. जहां वेद कहते हैं कि ‘ब्रह्मचर्येण तपसा देवा मृत्युमुपाध्नत’ अर्थात ब्रह्मचर्य से ही देवता अमृत को प्राप्त होते हैं और जहां छान्दोग्य 7/4/3 कहता है कि, तद्यएवैतं ब्रह्मलोकं ब्रह्मचर्येणानुविन्दति तेषामेवैष ब्रह्मलोकस्तेषां सर्वेषु लोकेषु कामचारो भवति’ अर्थात वह निश्चय ही ब्रह्मचर्य से ब्रह्मलोक को प्राप्त होते हैं और ब्रह्मलोकवासी सब लोकों में जाने […]
भोपाल में बने भारत के सबसे हाईटेक रेलवे स्टेशन का नाम रानी कमलापति रेलवे स्टेशन हो गया है, पहले इसका नाम हबीबगंज रेलवे स्टेशन हुआ करता था। आज यह रेलवे स्टेशन किसी इंटरनेशनल एयरपोर्ट को भी मात देता है। लेकिन हम स्टेशन की भव्यता की नहीं बल्कि उसकी दिव्यता की बात करेंगे, और दिव्यता इस […]
आज हम अपने साथियों को देव दीपावली की हृदय से शुभकामनाएं प्रेषित करते हैं। आज ही सिक्खों के प्रथम गुरु नानक जी का प्रकटउत्सव है। निश्चित रूप से गुरु नानक देव जी पूरे हिंदू समाज के लिए गौरव प्रदान करने वाले हैं। क्योंकि उनके शिष्यों ने आगे चलकर धर्म की रक्षा के लिए अप्रतिम कार्य […]
भोपाल में बने भारत के सबसे हाईटेक रेलवे स्टेशन का नाम रानी कमलापति रेलवे स्टेशन हो गया है, पहले इसका नाम हबीबगंज रेलवे स्टेशन हुआ करता था। आज यह रेलवे स्टेशन किसी इंटरनेशनल एयरपोर्ट को भी मात देता है। लेकिन हम स्टेशन की भव्यता की नहीं बल्कि उसकी दिव्यता की बात करेंगे, और दिव्यता इस […]
गतांक से आगे…. उपनिषद और गीता के समस्त वर्णन से, कम से कम इतना तो निर्णय हो गया कि,उपनिषदों का बहुत सा भाग वैदिक नहीं है और न उनका बहुत सा भाग ब्राह्मणों द्वारा अनुमोदित ही है। इतना ही नहीं, प्रत्युत यह भी निर्णय हो गया कि, वह एक गुप्त मण्डली के द्वारा असुर प्रवृत्ति […]
आदर्श शासक महाराजा रणजीत सिंह (आज 13 नवम्बर उनके जन्म दिवस पर विशेष) वे साँवले रंग का नाटे कद के मनुष्य थे। उनकी एक आँख शीतला के प्रकोप से चली गई थी। परंतु यह होते हुए भी वह तेजस्वी थे। आत्मबल का उदाहरण देखना हो तो महाराजा रणजीत सिंह मे देखना चाहिए महाराजा रणजीत सिंह […]
१८५७ का प्रथम भारतीय स्वतंत्रता संग्राम प्रस्तुति – देवेंद्र सिंह आर्य (चेयरमैन ‘उगता भारत’ समाचार पत्र) १८५७ का भारतीय विद्रोह, जिसे प्रथम भारतीय स्वतंत्रता संग्राम, गुर्जर विद्रोह और भारतीय विद्रोह के नाम से भी जाना जाता है इतिहास की पुस्तकें कहती हैं कि 1857 की क्रान्ति की शुरूआत ’10 मई 1857′ की संध्या को मेरठ मे हुई थी और इसको […]