दिनांक 5 जून, 2020 को समाप्त सप्ताह के दौरान भारत ने एक ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज की है। भारतीय इतिहास में पहली बार देश में विदेशी मुद्रा भंडार ने 500 बिलियन (50,000 करोड़) अमेरिकी डॉलर के आँकड़े को पार करते हुए 501.70 बिलियन (50,170 करोड़) अमेरिकी डॉलर के स्तर को छुआ है। विदेशी मुद्रा भंडार का […]
Month: June 2020
नई दिल्ली: पंजाब के भारतीय प्रवासियों के प्रभुत्व वाला भारतीय-कनाडाई अपराध सिंडिकेट भारत में खालिस्तान आंदोलन (Khalistan Movement) को फिर से हवा देने के लिए सिख फॉर जस्टिस (एसएफजे) के लिए अलगाववादी समूहों को वित्त पोषण कर रहा है. भारतीय खुफिया एजेंसियों द्वारा तैयार की गई एक गोपनीय रिपोर्ट से पता चला है कि नशीले पदार्थो की तस्करी […]
आदमी के सितारे कब किस क्षेत्र में चमक उठें और किस क्षेत्र में जाकर गुल हो जाएं ,कुछ कहा नहीं जा सकता । यह बात फिल्मी जगत को अपनी उपस्थिति से पुरनूर करने वाले और पटना की धरती से चलकर भारत की राजनीति के चंद हसीन चेहरों में सम्मिलित होकर बिहार का नाम रोशन […]
खेलों में छिपा युद्ध का ज्ञान
सन 1850 के दौर में जब अंग्रेजों को भयानक भारतीय प्रतिरोध का सामना करना पड़ा तो धीरे से उन्होंने एक आर्म्स एक्ट लागु कर दिया। इसका उन्हें फायदा ये हुआ कि भारतीय हथियार रखेंगे नहीं तो यहाँ कि शास्त्रों की परंपरा जाती रहेगी। फिर एक प्रशिक्षित सिपाही भी बिना प्रशिक्षण वाली सौ-दो सौ की […]
यह जानकारी आपने पहले कभी नहीं पढ़ी होगी। राम प्रसाद बिस्मिल काकोरी कांड के मुख्य अभियुक्त थे। इनकी फांसी के बाद इनका परिवार अभावों मे रहा। सरकारों ने कोई सुध नहीं ली। परंतु आज हमारे लेख का विषय इनके वकील और सरकारी वकील व नेहरू खानदान से है। पण्डित जगत नारायण मुल्ला- ब्रिटिश सरकार की […]
कुंओं का कातिल कौन ?
:::::::::::::::::::::::::::::::::::::::::: विगत 3 दिन पहले 10 जून को अंतरराष्ट्रीय भूगर्भ जल दिवस मनाया गया | यह अंतरराष्ट्रीय जल दिवस 22 मार्च से अलग मनाया जाता है | भारत की संस्कृति ऐसी रही है जहां हर दिन किसी गांव मोहल्ले कस्बे में नव प्रसूता महिला 40 वें दिन नवजात को गोद में लेकर गांव मोहल्ले की […]
मन की शांति और प्रभु के दर्शन
प्राचीन काल से अद्यतन पर्यंत मानव की इच्छा रही है शांति की खोज। इसलिए चाहे आज का मानव कितना भी भौतिक संसाधनों से परिपूर्ण है तथा चाहे कितना भी व्यस्त है , परंतु उसमें एक असीम शांति की चाह में अवश्य है । मानव को असीम शांति कैसे प्राप्त हो सकती है ? इस पर […]
ब्रिटिश ने कैसे चुराया प्लास्टिक सर्जरी का ज्ञान ? अंग्रेजों को प्लास्टिक सर्जरी की जानकारी मिलने का इतिहास बड़ा रोचक हैं. सन 1769 से 1799 तक, तीस वर्षों में, हैदर अली – टीपू सुलतान इन बाप-बेटे और अंग्रेजों में 4 बड़े युद्ध हुए. इन मे से एक युद्ध में अंग्रेजों की ओर से लड़ने वाला […]
डॉ0 विजय कुमार स्वतंत्रता का सीधा सा अर्थ दासता – से मुक्ति है, किन्तु गहराई से विचार करने पर इसके कई गूढार्थ हैं, जो विविध आयामी और लोकोपकारी हैं। बिहार में स्वतंत्रता संघर्ष का लम्बा इतिहास है, जो वीर कुंवर सिंह से लेकर चम्पारण सत्याग्रह व सन् 1942 के करो या मरो तक चला। […]
लेखक डॉ. त्रिभुवन सिंह 400 वर्ष पूर्व जब ईस्ट इंडिया कंपनी के तथाकथित व्यापारी भारत आये तो वे भारत से सूती वस्त्र, छींटज़ के कपड़े, सिल्क के कपड़े आयातित करके ब्रिटेन के रईसों और आम नागरिकों को बेंचकर भारी मुनाफा कमाना शुरू किया। ये वस्त्र इस कदर लोकप्रिय हुवे कि 1680 आते आते ब्रिटेन […]