उत्तर प्रदेश भारत का जनसंख्या की दृष्टि से सबसे बड़ा प्रांत है। जितना बड़ा प्रांत है उतनी ही बड़ी इसकी समस्याएं हैं। इस प्रदेश का यह दुर्भाग्य रहा कि यहां पिछले दो दशक से ऐसी सरकारें काम करती रहीं जो पूर्णत: जातिवादी राजनीति को प्रोत्साहित करती रहीं। सरकारी तंत्र स्वयं में लूटतंत्र बनकर रह गया। […]
Author: देवेंद्र सिंह आर्य
लेखक उगता भारत समाचार पत्र के चेयरमैन हैं।
भारतीय सेना का एक गौरवपूर्ण इतिहास रहा है। भारत में सेना के होने की पुष्टि भारत के प्राचीन साहित्य से भली प्रकार होती है। सेना राजा की अहिंसक नीति को राज्य में लागू कराने तथा विदेशी शत्रु से अपने देश की सीमाओं की रक्षा के दायित्व संभालती रही है। ‘राजा की अहिंसक नीति’ से हमारा […]
देश को अगले राष्ट्रपति को लेकर हर देशवासी की उत्सुकता बढ़ती जा रही है। कुछ लोगों ने उत्तर प्रदेश में भाजपा को मिली शानदार सफलता के पश्चात इस पद के लिए आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत का नाम भी उछाल दिया है। जबकि भाजपा के लालकृष्ण आडवाणी संभावित प्रत्याशी चले आ रहे हैं। अब इस समय […]
राम मंदिर और राष्ट्र मंदिर
राम मंदिर और राष्ट्र मंदिर दिसंबर 1940 में मदुरई में अखिल भारत हिन्दू महासभा का अधिवेशन हुआ तो वीर सावरकर को संगठन ने पुन: अपना अध्यक्ष निर्वाचित किया। भीषण ज्वर होते हुए भी उन्होंने विशाल जनसमुदाय को संबोधित करते हुए कहा-”हिन्दुओं को अहिंसा, चरखा व सत्याग्रह के प्रपंच से सावधान रहना चाहिए। संपूर्ण अहिंसा की […]
सुदर्शन न्यूज चैनल के मालिक एवं मुख्य संपादक श्री सुरेश चव्हाणके राष्ट्रवाद की एक मुखर आवाज होकर उभरे हैं। उन्होंने भारत में हिन्दू विरोध की होती राजनीति को सही दिशा देनेका सराहनीय और साहसिक कार्य किया है। धर्मनिरपेक्षपता के पक्षाघात से पीडि़त मीडिया को उन्होंने सही राह दिखाने का कार्य किया है। यह उस समय […]
डा. अम्बेडकर के महान विचार
डा़ अम्बेडकर एक प्रसिद्घ विचारक और समाज सुधारक युग प्रवर्तक महापुरूष थे। उन्होंने भारत के तत्कालीन समाज की गहन और गंभीर समीक्षा की थी, और समाज में व्याप्त छुआछूत और ऊंचनीच की भावना को मिटाने केे लिए अपनी ओर से गंभीर प्रयास किये थे। उन्होंने विश्व के श्रेष्ठ विश्वविद्यालयों में जाकर अर्थशास्त्र का व्यापक अध्ययन […]
मार्च का महीना चला गया है और अप्रैल आ गया है। कहने का अभिप्राय है कि स्कूलों की मनमानी का समय आ गया है। अब नये बच्चों के प्रवेश पर और पुराने बच्चों को अगली कक्षा में भेजने के नाम पर हर स्कूल वाला अपनी मनमानी करेगा और अभिभावकों की जेब पर खुल्लम-खुल्ला डकैती डालेगा। […]
लोकतंत्र तेरी जय हो
विशेष सम्पादकीय : महाभारत में आया है कि ऐसा राजा जो प्रजा की रक्षा करने में असमर्थ है और केवल जनता के धन को लूटना ही जिसका लक्ष्य होता है और जिसके पास कोई नेतृत्व करने वाला मंत्री नहीं होता वह राजा नहीं कलियुग है। समस्त प्रजा को चाहिए कि ऐसे निर्दयी राजा को बांध कर […]
‘कटती गैया करे पुकार, बंद करो यह अत्याचार’-यह एक नारा था, जिसे भारत में गोभक्त लंबे समय से लगाते चले आ रहे थे। पर देश की सरकारें थीं कि गोभक्त और गोवंश को मिटाने पर लगी थीं। सर्वत्र हाहाकार मची थी। भारतीय गोभक्त संस्कृति का आंखों देखते-देखते सर्वनाश हो रहा था। अवैध बूचड़खानों की बाढ़ […]
सरदार भगत सिंह और उनके साथी सुखदेव और राजगुरू को लाहौर षडय़ंत्र केस में फांसी की सजा हुई थी। 1928 में लाला लाजपत राय जब लाहौर में साईमन कमीशन के विरोध में सडक़ों पर उतरकर जोरदार प्रदर्शन कर रहे थे, तो क्रांति के उस महानायक पर पुलिस कप्तान सांडर्स ने लाठियों से निर्मम प्रहार किया […]