साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर को मालेगांव बम विस्फोट मामले में सरकार ने तब गिरफ़्तार किया था जब सरकार ने नीति के आधार पर यह निर्णय कर लिया था कि आतंकवादी गतिविधियों में कुछ हिन्दुओं की संलिप्तता दिखाना भी जरुरी है । अभी तक आतंकवादी गतिविधियों में जितने लोग पकड़े जा रहे थे वे सब मुसलमान […]
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-मनमोहन कुमार आर्य- महर्षि दयानन्द की यथार्थ जन्मतिथि 12 फरवरी सन् 1825 है। इस दिन शनिवार था। हिन्दी तिथि के अनुसार इस दिन फाल्गुन मास के कृष्ण पक्ष की दशमी थी। इस तिथि के निर्धारण में ऋषि भक्त डॉ. ज्वलन्त कुमार शास्त्री का प्रमुख योगदान है। यद्यपि पूर्व तिथियों में पं. भीमसेन जी शास्त्री द्वारा […]
जब बन गया था आसमां में इन्द्रधनुष
उगता भारत चिंतनचली आ रही थी जनता। चारों दिशाओं से, बल्कि दशों दिखाओं से चली आ रही थी। तांगों के पीछे तांगे, बैलगाडिय़ों के पीछे बैलगाडिय़ां। कारों में। ट्रकों में। रेलगाडिय़ों से, बसों से। लोग छतों पर बैठकर आये। खिड़कियों से लटककर आए। साइकिलों पर आए और पैदल भी। दूर देहात के ऐसे लोग भी […]
नरेश भारती हाल में भारत के गृह मंत्रालय ने सरकार और समाज के बीच दूरी को पाटने की क्षमता रखने वाले सामाजिक माध्यम या कथित ‘सोशल मीडिया’ के उपयोग और भारत की राजभाषा हिन्दी के महत्व को रेखांकित करते हुए शासकीय कामकाज में हिन्दी का उपयोग करने के निर्देश जारी किए थे। मेरे जैसे विदेशस्थ […]
गतांक से आगे…..जम्मू-कश्मीर के विषय में महाराजा हरिसिंह को महाराजा न मानना नेहरू की चौथी ऐतिहासिक भूल:देश की सबसे बड़ी रियासत जम्मू-कश्मीर भारत की 556 रियासतों में अकेली ऐसी अभागी रियासत है जिसके महाराजा हरिसिंह को महाराजा मानना बंद कर दिया गया और उनके पुत्र युवराज कर्ण सिंह को उनका उत्तराधिकारी महाराजा नही मानकर उन्हें […]
स्वाभिमानी महाराजा जयसिंह
इंगलैण्ड की राजधानी लंदन में यात्रा के दौरान एक शाम महाराजा जयसिंह सादे कपड़ों में बॉन्ड स्ट्रीट में घूमने के लिए निकले और वहां उन्होने रोल्स रॉयस कम्पनी का भव्य शो रूम देखा और मोटर कार का भाव जानने के लिए अंदर चले गए। शॉ रूम के अंग्रेज मैनेजर ने उन्हें च्च्कंगाल भारतज्ज् का सामान्य […]
हिन्दू तत्व जागरण अभियान
जय दूधेश्वर महादेव *** हिन्दू तत्व जागरण अभियान *** *** रामकृष्ण परमहंस पुण्यतिथि 16/8/2014 *** कोलकाता भारत रामकृष्ण परमहंस भारत के एक महान संत एवं विचारकथे। इन्होंने सभी धर्मों की एकता पर जोर दिया।उन्हें बचपन से ही विश्वास था कि ईश्वर के दर्शनहो सकते हैं अतः ईश्वर की प्राप्ति के लिए उन्होंनेकठोर साधना और भक्ति […]
आजादी के 67 वर्ष और चुनौतियां
निर्भय कुमार कर्णआजादी के 67 वर्षों के गहरे उतार-चढ़ाव में भारत ने कई सफलताओं को अर्जित करते हुए विश्व पटल पर अपनी मौजूदगी दर्ज कराई है। भारत ने अपने आपको इतना महत्वपूर्ण साबित करा दिया है कि कोई भी देश इसकी अनदेखी नहीं कर सकता। यही कारण है कि दुनिया के लगभग सभी देश भारत […]
राकेश कुमार आर्यनेताजी सुभाष चंद्र बोस भारतीय स्वतंत्रता संग्राम का एक ऐसा नाम है जिस पर हर भारतीय को नाज है। उनके बारे में वीरता के ऐसे कथोपकथन हम सबने सुने हैं, जिन पर हम सब देशभक्ति के भावों से भर जाते हैं। सामान्यत: ऐसे वीर पुरूषों के देशभक्ति के जज्बे को देखकर लोग कभी […]
(9 अगस्त:- विश्व आदिवासी दिवस के उपलक्ष्य में) निर्भय कुमार कर्ण जल, जंगल और जमीन से जानने-पहचानने वाले आदिवासी दुनियाभर में हैं लेकिन अब उनका अस्तित्व खतरे में है। न केवल संस्कृति, रहन-सहन यहां तक कि भाषा में भी बदलाव आने लगा है जिससे उनकी पहचान आगामी वर्षों में मिटने की संभावनाएं दिख रही है। […]