राम-राम करना ही काफी नहीं जरूरी है राम काज करना – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com आज मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम का जन्मोत्सव है। साल भर में इसी प्रकार भगवानों, युगपुरुषों और महान लोगों के जन्मदिन मनाकर हम उनके प्रति श्रद्धा भावों की इतिश्री कर लिया करते हैं। जिस किसी का दिन हो, हम […]
Month: April 2014
आज का चिंतन-06/04/2014
खुद को बनाएं आईना लोगों का सच बोल उठेगा – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com मलीनता और शुद्धता ठीक वैसे ही हैं जैसे कि दिन और रात। इनमें से एक का ही वजूद रहता है। हो सकता है कुछ समय का संक्रमण काल ऎसा उपस्थित हो जाए कि दोनों का ही धुंधलका नज़र आए लेकिन […]
राकेश कुमार आर्य(पिछले दिनों 26 मार्च को अपनी बार एसोसिएशन के अधिवक्ता साथियों के साथ फतेहपुर सीकरी जाने का मुझे सौभाग्य मिला। हमारे 46 सदस्यीय यात्री दल का नेतृत्व बार एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री महीपाल सिंह भाटी कर रहे थे। जिसमें मुझसे अलग अधिवक्ता साथियों में प्रमुख नाम थे-श्री जयपाल सिंह नागर, श्री ऋषिपाल भाटी, […]
किस रोग में कौन सा रस लेना चाहिए।भूख लगाने हेतु-प्रात:काल खाली पेट नींबू का पानी पियें। खाने से पहले अदरक का कचूमर सैंधव-नमक के साथ लें।रक्तशुद्धि के लिए —नींबू, गाजर, गोभी, चुकन्दर, पालक, सेव, तुलसी, नीम और बेल के पत्तों का रस।दमा से मुक्ति के लिए- लहसुन, अदरक, तुलसी, चुकन्दर, गोभी, गाजर, मीठी द्राक्ष का […]
नेता बना रहे हैं देश का मूर्ख
मुजफ्फरनगर दंगों के विषय में भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने स्पष्ट कर दिया है कि ये दंगा सरकार की लापरवाही से भड़का था। सर्वोच्च न्यायालय ने उत्तर प्रदेश की अखिलेश सरकार को दंगा रोकने के लिए आवश्यक उपाय न करने और लापरवाही बरतने के लिए उत्तरदायी माना है। इसके लिए माननीय न्यायालय ने दोषी अधिकारियों […]
उत्तर प्रदेश पर है सब पार्टियों की नजर
राजनीतिक विश्लेषण (उ. भा.)गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश ने भारतीय राजनीति में पहले दिन से ही अपनी खासी जगह बनायी है। इस प्रदेश ने अब तक कुल 8 प्रधानमंत्री देश को दिये हैं। इन प्रधानमंत्रियों में जहां देश के पहले तीन प्रधानमंत्री पं. जवाहरलाल नेहरू, लालबहादुर शास्त्री और इंदिरा गांधी सम्मिलित रहे हैं, वही चौधरी चरण सिंह, […]
बिखरे मोती-भाग 44
कंगन शोभा न हाथ की, हाथ की शोभा दानगतांक से आगे….व्यक्ति को जब ज्ञान, भक्ति और प्रेम की समन्वित पराकाष्ठा प्राप्त होती है तो देवत्व का जागरण हेाता है, जिससे भगवत्ता प्राप्त होती है। तब यह सात्विक तेज दिव्य आत्माओं के मुखमण्डल पर आभामण्डल (ह्रक्र्र) बनके छा जाता है। इसे ही सौम्यता कहते हैं, दिव्यता […]
आज का चिंतन-05/04/2014
वे लोग मनोरोगी हैं जो बेवजह तंग करते हैं – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com दुनिया में दो तरह के लोग पाए जाते हैं। एक वे हैं जो अपने आप में इतने सक्षम और मौलिक प्रतिभावान हैं जो कोई सा काम सामने आ जाए, अपने दम पर खुद पूरा कर लिया करते हैं और […]
जब किसी विद्वान ने हिंदी साहित्य के लिए तन, मन और धन के शब्द के समुच्चय को दिया होगा तो सचमुच उसने हिंदी साहित्य की बहुत बड़ी सेवा की थी। ये तीन शब्द भारत की ही नही अपितु विश्व की भी समग्र व्यवस्था को अपने आप में निहित करने वाले सार्थक शब्द हैं। परिवार से […]
मुजफ्फर हुसैनगतांक से आगे…….लेकिन उसके लिए कुछ कड़े नियम थे। जब हमारा देश गुलाम था, उस समय अनेक रियासतों में तो कुछ दिन और महीने तय थे, जिनमें पशुओं के वध पर सख्त पाबंदी थी। लेकिन आजादी के बाद इस प्रकार के कानून नही रहे। लोकतंत्र और स्वतंत्रता का लाभ उठाकर भारत में सीमित मांस […]