ऋग्वेद की अनूठी ऋषिका: रात्रि देवी को भी मान दिलाने वाली #रात्रिर्वा_भारद्वाजी वह रात्रि है,अपने साथ अन्धकार तो लाती ही है;परन्तु उस अंधकार में जीवन होता है।उसमें नित नवीनता होती है,उसमें दिन का समापन नहीं होता अपितु वह स्वयं से साक्षात्कार का अवसर देती है।यह रात्रि नष्ट होने वाली रात्रि नहीं है,बल्कि यह रात्रि हमें […]
ऋग्वेद की अनूठी ऋषिका: