कविता — 30 अमृत वेला में जो जन जागे, नियम से भगवान को ध्यावे, अहंकार ममकार को त्यागे, अंधेरा उसके जीवन से भागे।। भगवान अपना तेज हैं देते, ‘ब्रह्मवर्चस’ का वरदान हैं देते, भगवान कष्ट उसके हर लेते, सारी खुशियां जीवन में भर देते।। सिद्धि के लिए जीव यहां आया, सारे योग साधन साथ में […]
भगवान कष्ट उसके हर लेते,