डॉ. संतोष कुमार तिवारी लेखन, संगीत आदि की तरह भाषण देना भी एक कला है। जो लोग रोज लेखन करते हैं या जो रोज गीत-संगीत पर काम करते हैं, उनकी कला में निखार और निपुणता बढ़ती जाती है। यही हमारे प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी जी के साथ हो रहा है। उनके भाषण तो पहले भी […]