उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार है जिसने विहिप द्वारा अयोध्या की 84 कोसी यात्रा को प्रतिबंधित कर दिया है और भाजपा को प्रदेश में नई ऊर्जा से भरने का अवसर उपलब्ध करा दिया है। कांग्रेस ने सपा और भाजपा को इस समय मुस्लिम और हिंदू मतों का अपने-अपने पक्ष में धु्रवीकरण करते देखकर […]
Category: डॉ राकेश कुमार आर्य की लेखनी से
स्वतंत्रता दिवस की 66वीं वर्षगांठ भारत मना रहा है। इस पावन अवसर पर हम एक दूसरे को शुभकामनाएं प्रेषित कर रहे हैं। सचमुच पिछले 66 वर्षों में हम दो चार कदम नही अपितु मीलों चले हैं, बहुत कुछ किया गया है। बहुत कुछ किया जा रहा है पर जितना किया गया या किया जा रहा है […]
हिंदी हमारी राजभाषा है। पर वास्तव में राजभाषा अभी तक अंग्रेजी ही है। देश के सभी उच्च न्यायालयों व सर्वोच्च न्यायालय की भाषा तो पूर्णत: अंग्रेजी है। इन सभी न्यायालयों में वादों की सुनवाई और आदेशों का निष्पादन अंग्रेजी में ही होता है। अब इस प्रकार के न्यायालयों के अंग्रेजी मोह को समाप्त करने के […]
एक समय था जब कांग्रेसी होना सचमुच गर्व की बात समझी जाती थी। निश्चित रूप से यह वो समय था जब कांग्रेस में गांधी, सरदार पटेल, लालबहादुर शास्त्री, कामराज, जेपी नारायण, जैसे अनगिनत लोग निचले पायदान से चढ़कर ऊपर आए थे और जो गरीब की गरीबी को नजदीक से जानते थे। क्योंकि उन्होंने गरीबी को […]
गंगा यमुना में पानी की रफ्तार बढ़ी हुई है-मौसम बाढ़ का है। समय की रफ्तार भी तेज हो रही है-मौसम चुनावों (2014) का है। सही इसी समय न्यायालयों के निर्णयों की रफ्तार भी तेज हो रही है-मौसम सुधारों का है… शायद। पिछले दिनों न्यायालयों ने कई ऐसे महत्वपूर्ण निर्णय दिये हैं कि जिनके अवलोकन से भारतीय […]
धर्म की बड़ी विस्तृत परिभाषा है। इसके विभिन्न स्वरूप हैं। संसार की सबसे प्यारी चीज का नाम है-धर्म। आप सड़क पर चले जा रहे हैं, किसी की अचानक दुर्घटना हो जाती है, आप रूकते हैं, और अपने आप ही उधर सहायता के लिए दौड़ पड़ते है। सहायता के लिए आपके हृदय में करूणा उमड़ी-इस प्रकार […]
लोकतंत्र में प्रमुख रूप से द्वीदलीय व्यवस्था होती है। इसमें एक सत्तापक्ष होता है तो दूसरा विशेष पक्ष, अर्थात वह पक्ष जो सत्तापक्ष की नीतियों की विशेष पड़ताल करे और राष्ट्रहित में यथावश्यक संशोधन प्रस्तुत कर नीति या किसी विधेयक को राष्ट्रोचित बनाने में विशेष सहयोग करे। स्वस्थ लोकतंत्र की बुनियाद ही ये सोच है […]
भारत का संविधान कहीं भी ये घोषणा नही करता कि जब आम चुनाव हों तो किसी भी राजनीतिक दल या गठबंधन को अपना भावी पी.एम. पहले ही घोषित कर देना चाहिए। संविधान इस विषय में यही व्यवस्था देता है कि देश का प्रधानमंत्री वही होगा जिसे देश की संसद के निचले सदन में निर्वाचित सदस्यों […]
एक आंकलन के अनुसार अगले 50 वर्षों में ओजोन परत में हो रहे निरंतर क्षरण के कारण विश्व में त्वचा कैंसर के फैलने की प्रबल आशंका है। पर्यावरणविदों ने इस कैंसर के फैलने की आशंका शीतोष्ण जलवायु के उन क्षेत्रों में सबसे अधिक मानी है, जहां ओजोन की परत पतली है, स्पष्ट है यूरोपीय देश […]
आजादी मिलते ही ‘नवयुग’ के गीत गाये गये क्योंकि आजादी से पूर्व नवयुग का एक सपना हर भारतीय की दृष्टिï में तैर रहा था, हर छोटा बड़ा व्यक्ति बड़ी उत्सुकता से उस दिन की प्रतीक्षा कर रहा था जिस दिन सचमुच गुलामी का जुआ उतरेगा और आजादी का उत्सव पूरा देश इस जुए के उतरने […]