जावेद उस्मानीभारत का सौहाद्र दुनिया के लिए मिसाल है लेकिन गाहे बगाहे कुछ सरफिरे अपने निहित स्वार्थ के कारण व्यर्थ के विवादो को हवा देते रहते है इनमें दिशाविहीन और विचारहीन ,सियासतदां भी शामिल हैं। धर्म ,जाति और भाषा पर ऐसे तत्वो का हस्यापद आचरण व विषवमन समरसता और मानवता के विरुद्ध अपराध से कम […]
Month: November 2013
आज का चिंतन-17/11/2013
ऎसे गुरु किस काम के बिगड़ैल बने रहें जिनके शिष्य – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com गुरुओं के नाम पर आजकल चारों ओर खूब धमाल मची हुई है। पहले लोग कम हुआ करते थे और उसी अनुपात में गुरुओं की संख्या भी कम थी। आजकल हर तरफ जनसंख्या का भारी विस्फोट हो चुका है। इसी […]
बिखरे मोती-भाग 2७
ओउम् नाम की नाव से, तरे अनेकों संत आधी बीती नींद में,कुछ रोग भोग में जाए।पुण्य किया नही हरि भजा,सारी बीती जाए ।। 415।। धर्म कर्म का उपार्जन,खोले सुखों के द्वार।इनमें मत प्रमाद कर,काल खड़यो है त्यार ।। 416।। रसों में रस है ब्रह्मï रस,रोज सवायो होय।जितना हो रसपान कर,सारे दुखड़ा खोय ।। 417।। पग-पग पर […]
भारत में पत्रकारिता का इतिहास बड़ा ही गौरवपूर्ण रहा है। स्वतंत्रता संग्राम को पत्रकारिता ने नई ऊंचाईयों तक पहुंचाया था। हमारे बहुत से बड़े नेता उस समय या तो अपना समाचार पत्र निकालते थे या समाचार पत्रों के लिए नियमित लिखते थे। उस लिखने का जनता पर बड़ा अच्छा प्रभाव पड़ता था। हमारे नेताओं की […]
अश्वनी कुमारअगर विकास कि बात करें तो कागज़ी तौर पर भारत निरंतर विकास की ओर अग्रसर है। और हाल ही में भारत ने विकास के नए आयाम को छू लिया, मिशन मंगल (मंगलयान) के प्रक्षेपण के साथ ही मंगल लॉन्च करने के मामले में भारत का अंतरिक्ष संगठन दुनिया का चौथा संगठन बन गया। इसे […]
महापुरूषों पर सियासत बंद हो
सिद्धार्थ मिश्रछल कपट, झूठ,भ्रष्टाचार एवं अवसरवादिता आज राजनीति के सर्वप्रमुख उपकरण बन चुके हैं । सबसे दिलचस्प बात तो ये है कि ये आचरण कई बार सियासत के पूरे रूप स्वरूप को विकृत कर देता है । इस फेहरिस्त में राजनीति की अगली पेशकश है महापुरूषों का इच्छानुसार प्रयोग । निसंदेह ये सर्वमान्य सत्य है […]
आज का चिंतन-16/11/2013
आवश्यकताओं पर ध्यान दें शौक हमेशा दुःख ही देता है – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com आम आदमी को मस्ती के साथ जीवन निर्वाह के लिए जितनी जरूरत होती है उतनी आवश्यकताओं की पूर्ति के बारे में सोचा और किया जाए तो जीवन के कई सारे अनावश्यक तनावों और दुःखों से मुक्ति पायी जा सकती […]
आज का चिंतन-15/11/2013
अहसान न लें किसी का कर्ज से बड़ा है यह मर्ज – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com अपनी पूरी जिन्दगी में जो कुछ होता है उसमें सिर्फ और सिर्फ अपने पुरुषार्थ से ही सब कुछ होता है और वही स्थायी रहता है। जो व्यक्ति किसी न किसी प्रकार का सकारात्मक चिंतन एवं रचनात्मक पुरुषार्थ […]
-आपने कहा था शिक्षा से वे अंग्रेज हैं-सभ्यता से मुस्लिम हैं और मात्र संयोग ही है कि वे हिंदू मां की कोख से जन्मे हैं।-आपने अपनी महत्वपूर्ण पुस्तक भारत की खोज में लिखा है कि देश में जातियों की संख्याा दो है एक मुस्लिम और दूसरी अमुस्लिम।-आपने खंडित/स्वतंत्र भारत का संविधान अपनी सोच और मानसिकता […]
आज का चिंतन-13/11/2013
अहं और एकाधिकार छोड़ें, फिर देखें अपने आप मिलने लगेगा सब कुछ – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com आज लोगों को सभी जगह उपेक्षा और असुरक्षा दिखाई देने लगी है। हर किसी को दूसरों से अज्ञात भय के साथ आशंका बनी रहती है। हमें कई बार लगता है कि कुछ है जो हमें प्राप्त करना […]