नई दिल्ली । भाजपा की नीतियों का सामना करने के लिए मजबूत विपक्ष की आवश्यकता है । यह कहना है अखिल भारत हिंदू महासभा के राष्ट्रीय महामंत्री एसडी विजयन का । श्री विजयन ने कहा कि भाजपा की सारी नीतियों से अखिल भारत हिंदू महासभा सहमत नहीं है। यह पार्टी कई मामलों को लेकर कांग्रेस […]
Author: डॉ॰ राकेश कुमार आर्य
लेखक सुप्रसिद्ध इतिहासकार और भारत को समझो अभियान समिति के राष्ट्रीय प्रणेता है
जमशेदपुर । भारत के महान नेता श्री अरुण जेटली जी के आकस्मिक निधन पर डॉ श्रीकृष्ण सिन्हा संस्थान ने एक शोक सभा का आयोजन किया । जिसमें उपस्थित वक्ताओं ने अपने विचार रखे ।संस्थान के महासचिव श्री हरि बल्लभ सिंह ‘ आरसी ‘ जी ने कहा कि आज भारत ने अपने एक महान सपूत को […]
ट्रम्प से पीएम मोदी ने दो टूक कहा —
कश्मीर द्विपक्षीय मामला,कोई कष्ट न करे गाजियाबाद । ( ब्यूरो डेस्क ) कश्मीर पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमेरिकी राष्ट्रपति के साथ हुई मुलाकात में फिर अपना कड़ा और स्पष्ट स्टैंड लेकर अपने मजबूत इरादों को जाहिर किया है । श्री मोदी ने अमेरिकी राष्ट्रपति की उस पेशकश को ठुकरा दिया है जिसमें […]
डॉ. जाकिर हुसैन (Dr. Zakir Hussain) भारत के तीसरे राष्ट्रपति के रूप में डा. जाकिर हुसैन आये। 13 मई 1962 को वे भारत के उपराष्ट्रपति बने थे। 7 जुलाई 1957 से 1962 तक वह बिहार के गर्वनर भी रह चुके थे। डा राधाकृष्णन ने जब पुन: राष्ट्रपति बनने से इनकार कर दिया तो कांग्रेस ने […]
रायसीना हिल्स पर बना राष्ट्रपति भवन गणतांत्रिक भारत के हर ऐतिहासिक क्षण का गवाह बना है। आजादी से पूर्व इसे वायसरीगल हाउस के नाम से जाना जाता था। लेकिन 26 जनवरी 1950 को सुबह 10.15 बजे जब डा. राजेन्द्र प्रसाद ने भारत के पहले राष्ट्रपति के रूप में शपथ लेकर गणतांत्रिक भारत के राजपथ पर […]
दादरी । ( सुंदरलाल शर्मा ) किसी भी अधिकारी के मुंह से घूस लेने या भ्रष्टाचार करने की वकालत शायद ही कभी किसी ने सुनी होगी। लेकिन दादरी के तहसीलदार आलोक प्रताप सिंह अधिकारियों में व्याप्त भ्रष्टाचार की साफ शब्दों में वकालत करते हैं। अधिवक्ताओं की मीटिंग के दौरान उन्होंने दाखिल खारिज की पत्रावली पर […]
अभी श्री राम जन्मभूमि के मामले में भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने वादकारियों से पूछा कि क्या श्री राम के वंशज अभी भी हैं ? इस पर जयपुर के राजपरिवार ने अपने आपको बताया कि वह श्री राम की 309 वी पीढ़ी का वंशज है । श्री रामचंद्र जी त्रेता में उस समय पैदा हुए […]
महर्षि भारद्वाज और चेन्नई
मित्रो ! आज 22 अगस्त है । इस तिथि को मद्रास का स्थापना दिवस कहकर इतिहास में भ्रांति फैलाई गई है । प्राचीन काल में हमारे ऋषि जहां-जहां भी अपना आश्रम बना लिया करते थे , वहीं पर कालांतर में गुरुकुल और गुरुकुल से विश्वविद्यालय के रूप में वह स्थान परिवर्तित हो जाता था । […]
इ ब्नबतूता नाम का एक विदेशी यात्री हमारे देश में आया। वह चौदहवीं शताब्दी में सुल्तान मोहम्मद तुगलक के दरबार में आया था । इब्नबतूता ईरान के बादशाह का दूत था । इब्नबतूता ने भारत के योगियों के बारे में बहुत ही गौरव पूर्ण ढंग से लिखा है। उसने वर्णन किया है कि सुल्तान ने […]
सावरकरजी के हिन्दुत्व और नेहरूजी की ‘हिन्दुस्तान की कहानी’ का सच स्वतंत्रता आंदोलन के काल में हमारे क्रांतिकारी जब भी कोई ‘आतंकी घटना’ कर ब्रिटिश सरकार को हिलाने का प्रशंसनीय कार्य करते थे तभी हमारे कांग्रेसी नेताओं की कंपकंपी छूट पड़ती थी। उस कंपकंपी से मुक्ति पाने के लिए गांधीजी की कांग्रेस तुरंत एक ‘माफीनामा’ […]