राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत के आरक्षण पर दिए गए बयान पर राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद ने फेसबुक पर लिखा कि आर.एस.एसऔर भाजपा आरक्षण खत्म करने का कितना भी सुनियोजित माहौल बना ले। देश का 80 फ़ीसदी दलित,पिछड़ा वर्ग इनको मुंहतोड़ जवाब देगा। वोटों की राजनीति के जादूगर और वोटों के लिए राजनीति […]
Category: विशेष संपादकीय
राजनीतिक बयानबाजियों का गिरता स्तर
राजनीति में वर्तमान दौर सचमुच गिरावट का दौर है, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी राजनीतिक बयानबाजियों को एक गरिमा तक बांधे रखने में असफल रहे हैं। उन्होंने 2014 के लोकसभा चुनाव में ‘मां-बेटे की सरकार’ कहकर सोनिया और राहुल गांधी पर खूब व्यंग्य कसे थे, बाद में ऐसे व्यंग्य कसना और भाषण में कड़वाहट घोलना उनकी स्वयं […]
जब सत्ता राजनीतिज्ञों के सिर चढक़र बोलती है, तो वह अच्छे-अच्छे शूरमाओं से उल्टे-सीधे काम करा जाती है। सत्ता का नशा सारे नशाओं से भयंकर होता है। बात यदि सपा की जाए तो इस पार्टी का इतिहास तो और पार्टियों से इस मामले में 21 ही रहा है। अब एक ऐसे ही मामले में उत्तर […]
पतझर का मतलब है फिर बसंत आना है
तूफ़ानी लहरें हों अम्बर के पहरे हों पुरवा के दामन पर दाग़ बहुत गहरे हों सागर के माँझी मत मन को तू हारना जीवन के क्रम में जो खोया है, पाना है पतझर का मतलब है फिर बसंत आना है राजवंश रूठे तो राजमुकुट टूटे तो सीतापति-राघव से राजमहल छूटे तो आशा मत हार, पार […]
नेताओं का व्यक्तिगत जीवन
देवेन्द्रसिंह आर्य जनता के प्रतिनिधि अपने बचाव के लिए अक्सर यह कहते मिलते हैं कि व्यक्ति का व्यक्तिगत जीवन अलग होता है और सार्वजनिक जीवन अलग होता है। इसलिए व्यक्ति के व्यक्तिगत जीवन में कभी तांक-झांक नही करनी चाहिए। यह तर्क दिखने में तो अच्छा लगता है और ऐसा आभास देता है कि ऐसा ही […]
जमाना नही मानव की सोच बदली है
मनुष्य को नही ज्ञात कि उच्च शिखर पर पहुंचने में दृढ़ संकल्प व प्रबल इच्छाशक्ति की आवश्यकता होती है। इसके लिए मानवीय मूल्य और नैतिक सिद्घांत हमारी जीवन नैया की पतवार बनते हैं-साहस और लक्ष्य के प्रति निष्ठा हमारे नाविक बनते हैं। पहाड़ों से नदियों का निकलना एक स्वाभाविक प्रक्रिया है, लेकिन लगातार बहती इस […]
परिकर की टिप्पणी स्वागतयोग्य
भारत भूमि वीरों की भूमि है। 1947 में आजादी मिलने के बाद भी इस देश के रणबांकुरों ने जब-जब दुश्मन ने चुनौती दी तब-तब उसे धूल चटाने में अपनी अप्रतिम वीरता का परिचय दिया। अब से पचास वर्ष पूर्व 1965 में पाकिस्तान को धूल चटाने वाले भारत के वीर जवान ही थे और 1971 में […]
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात में शांति के पथ पर विकास के मार्ग का अनुसरण करने की अपील करते हुए आज कहा कि विकास के लिए कंधे से कंधा मिलाकर चलने से ही समस्याओं का समाधान निकल सकता है। राज्य में आरक्षण के मुद्दे पर हिंसक घटनाएं देखने को मिली है। आकाशवाणी पर मन की […]
प्रात:काल में हस्तेन्द्रिय-दर्शन
करागे्र वसते लक्ष्मी करमध्ये च सरस्वती करमूले च गोविन्दम् प्रभाते कर दर्शनम् भावार्थ-कर अर्थात हाथ, अग्रे अर्थात अगला भाग अर्थात अग्रिम भाग, वसते-निवास करना, लक्ष्मी-धन (संपदा, सुख, वैभव) करमध्ये-हाथ का बीच का भाग, च-और, सरस्वती वाणी, वाक की देवी अर्थात विद्या की देवी, करमूले-हाथ का मूल स्थान, अर्थात हथेली व भुजा का संगम स्थल जहां […]
दो मुख्यमंत्रियों का ‘बेमेल विवाह’
राजनीति में यूं तो हमेशा ही नये-नये प्रयोग होते रहने की संभावनाएं प्रबल रहती हैं, पर भारत की राजनीति में तो ‘बेमेल के विवाह’ होने की पुरानी परंपरा है। यहां जिनमें विचारधारा का और नीतियों का कोई मेल नही होता वह भी किसी अपने ‘सांझे शत्रु’ को मारने के लिए अक्सर एक होते देखे गये […]