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गौ और गोवंश

गाय और कुरान

गौ और क़ुरान

#डॉविवेकआर्य

जम्मू और कश्मीर में गौ की क़ुरबानी पर रोक लगाने का प्रस्ताव पारित कर वापिस ले लिया गया। कुछ समय से कश्मीर में गौ की क़ुरबानी देने की घटनाओं में वृद्धि हुई है। इस विषय पर कुछ विचार जानना आवश्यक है। मुसलमान क़ुरान को अपने मज़हब की पुस्तक बताते है। क़ुरान में बताई गई हर बात उनके लिए मान्य हैं। हम अभी क़ुरान की दृष्टि से ही इस विषय को समझते है।

क्या क़ुरान में गौ की क़ुरबानी आवश्यक बताई गई है?
क्या यही मार्ग है कि मुसलमान गौ को अवश्य मारा करे?
क्या गोमांस की प्रशंसा क़ुरान में की गई है और उसे स्वास्थ्य के लिए पौष्टिक बताया गया है?

प्रसिद्द विद्वान श्री महेशप्रसाद जी मौलवी अलीम फ़ाज़िल के अनुसार अरबी भाषा में ‘बकरतुन’ अर्थात ‘बकर:’ शब्द गाय और बकरुन’ अर्थात ‘बकर’ शब्द बैल के लिए आता है।

पहला वर्णन

क़ुरान की दूसरी सूरत का नाम ही सूरतुलबकर: या सूरा बकर अर्थात गौ विषयक सूरत हैं क्योंकि इसमें गौ का वर्णन मिलता है। यहाँ पर आयत 66-72 में लिखा है कि एक यहूदी ने अपने एक सम्बन्धी व्यक्ति को मार दिया। मारने वाले का पता न चला। मृतक के मित्र हज़रात मूसा के पास गए। अपराधी का पता लगाने के लिए अल्लाह ने आज्ञा दी कि एक गौ मारी जाय। अत: गौ मरी गई। फिर उस गौ के एक भाग से मृतक को मारा। वह जी उठा और अपने घातक का पता देकर मर गया।

दूसरा वर्णन

सूरतुल अनूआम छठे अध्याय में आयात 143-145 में भेड़, बकरी, ऊँट, बैल को छोड़कर भेड़ी, बकरी,ऊंटनी और गौ को जो पेट से हो हराम किया है। दरअसल उस समय अरब वाले किसी भी पशु को किसी भी अवस्था में हलाल कर देते थे। इन आयतों में दुधारू और गर्भवती पशु को हलाल करना क़ुरान में हराम बताया गया है।

तीसरा वर्णन

इसी सूरा में आयात 146-147 में लिखा है कि अल्लाह ने नाख़ूनवाला जानवर हराम किया था और गाय और बकरी में से इन दोनों की चरबियाँ उनके (यहूदी) लिए हराम कर दी।

यहूदी लोग हज़रत मूसा के उद्योग से छूटे थे। उन्हें जंगल में रहते हुए पशु लाभकारी थे इसलिए अल्लाह ने उन्हें जानवरों को न मारने का हुकुम दिया था।

चौथा वर्णन

सूरा युसूफ में आयत 43-46 में मिश्र के बादशाह के सपने में सात मोटी और सात पतली गौ का वर्णन हैं। इसका गौ की क़ुरबानी से कोई सम्बन्ध नहीं हैं।

इस प्रकार से क़ुरान में गौ की क़ुरबानी का कोई स्पष्ट विधान नहीं है। इस पर भी मुसलमानों का भारत में गौहत्या करना केवल उनकी मज़हबी मानसिकता को दर्शाता है।

#MotherCow

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