पुण्य प्रसून वाजपेयी जिस खामोशी से अमित शाह बीजेपी हेडक्वार्टर में बतौर अध्यक्ष होकर घुसे हैं उसने पोटली और ब्रीफकेस के आसरे राजनीति करने वालो की नींद उडा दी है। अध्यक्ष बनने के बाद भी खामोशी और खामोशी के साथ राज्यवार बीजेपी अध्यक्षों को बदलने की कवायद अमित शाह का पहला सियासी मंत्र है। इतना […]
Category: महत्वपूर्ण लेख
निर्मल रानी पूरा विश्व इस समय संपूर्ण पृथ्वी के बढ़ते हुए तापमान अथवा ग्लोबल वार्मिंग के भयंकर खतरों से जूझ रहा है। इनके दुष्परिणाम भी अभी से सामने आने लगे हैं। कहीं ग्लेश्यिर पिघल रहे हैं तो कहीं समुद्र तल का स्तर बदल रहा है। पूरी दुनिया में बड़े पैमाने पर जलवायु परिवर्तन होते हुए […]
जल ही जीवन है इसे नष्ट न करें
निर्मल रानी जब भी दुनिया जल संरक्षण दिवस मनाती है या फिर जिन दिनों में धरती गर्मी के भीषण प्रकोप का सामना करती है प्राय: उन्हीं दिनों में हम जैसे तमाम लेखकों,समीक्षकों व टिप्पणीकारों को जल संरक्षण हेतु कुछ कहने,सुनने व लिखने का ख्याल आता है। हमारा देश एक बार फिर गर्मी की ज़बरदस्त तपिश […]
पुण्य प्रसून वाजपेयी एक बुलेट ट्रेन चाहिये या 800 राजधानी एक्सप्रेस ? 9 कोच की बुलेट ट्रेन की कीमत है 60 हजार करोड़ और 17 कोच की राजधानी एक्स प्रेस का खर्च है 75 करोड़। यानी एक बुलेट ट्रेन के बजट में 800 राजधानी एक्सप्रेस चल सकती हैं। तो फिर तेज रफ्तार किसे चाहिये और […]
1.खुद की कमाई से कम खर्च हो ऐसी जिन्दगी बनायें,2. दिन मेँ कम से कम 3 लोगो की प्रशंशा करें,3. खुद की भुल स्वीकार ने मेँ कभी भी संकोच मत करें,4. किसी के सपनो पर कभी भी न हंसें,5. अपने पीछे खड़े व्यक्ति को भी कभी आगे जाने का मौका दें,6. रोज हो सके तो […]
वाह, कुमारस्वामी!
डॉ0 वेद प्रताप वैदिक कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री और जनता दल (एस) के नेता एचडी कुमारस्वामी की यों तो सब निंदा करेंगे, क्योंकि उन्होंने एक विधान परिषद उम्मीदवार से 40 करोड़ रुपए मांगे थे। अखबार वाले और टीवी वाले इस कन्नड़ नेता के पीछे पड़ गए हैं लेकिन अपने विरुद्ध हो रहे प्रचार से कुमारस्वामी […]
पाकिस्तान भारत से चाहता क्या है?
डॉ0 वेद प्रताप वैदिक पिछले दिनों मुझे लगभग 20 दिन तक पाकिस्तान में रहने का मौका मिला। मेरी भेंट प्रधानमंत्री नवाज शरीफ और विदेश मंत्री सरताज अजीज के साथ तो हुई ही, पाकिस्तान के अनेक शीर्ष फौजियों, कूटनीतिज्ञों, विशेषज्ञों और पत्रकारों से भी हुई। पाकिस्तान के पंजाबी, सिंधी, पठान और बलूच प्रांतीय नेताओं से भी […]
डॉ. पुरुषोत्तम मीणा ‘निरंकुश’ हमारी बहन-बेटियों को दहेज उत्पीड़न के सामाजिक अभिशाप से कानूनी तरीके से बचाने और दहेज उत्पीड़कों को कठोर सजा दिलाने के मकसद से संसद द्वारा सम्बंधित कानूनी प्रावधानों में संशोधनों के साथ भारतीय दण्ड संहिता में धारा 498-ए जोड़ी गयी थी। मगर किसी भी इकतरफा कठोर कानून की भांति इस कानून […]
उखड़े दरबार का प्रलाप
-डा० कुलदीप चन्द अग्निहोत्री भारत की जनता ने लोक सभा के चुनावों में जो जनादेश दिया है उससे बुद्धिजीवियों के उस समुदाय में खलबली मची हुई है जो अब तक इस देश के जनमानस को सबसे बेहतर तरीक़े से समझने का दावा करता रहा है । बुद्धिजीवियों का यह समुदाय कैसे निर्मित हुआ , इस […]
डा0 इन्द्रा देवीस्वांगों में पौराणिक ऐतिहासिक एवं लौकिक सभी कथाओं का समावेश होता है। तथा इनका समाज से सीधा सम्बन्ध होता है। कथानक में जमीदारों के अत्याचार पारिवारिक कलह व्यभिचार जातिभेद और सामाजिक विषमता को उभारा जाता है। जन से सम्बन्धित रीति रिवाजों प्रथाओं और मान्यताओं का बोलबाला रहता है। कथा में प्रवाह होता है […]