दिल्ली में स्व.इंदिरा गांधी की हत्या के बाद हुए हिन्दू-सिक्ख दंगो पर राजनीति की रोटियाँ अभी तक सैकी जा रही है। अभी तक इन दंगो की जांच-पड़ताल के लिए लगभग 10 आयोग व कमेटियो का गठन हो चूका है। कमोवेश उनकी रिपोर्टस भी आयी व उनके अनुसार कार्यवाहियां हुई और सहायता राशियां भी बांटी गयी। […]
Month: February 2015
जनादेश ने भरे हर जख्म, उभारे हर जख्म !!
पुण्य प्रसून बाजपेयी आज मां की आंखों में आंसू हैं। पिता की नजरें उठी हुई हैं। बेटे को गर्व है । बेटी पिता को निहार रही है। पत्नी की आंखें चमक रही हैं। यह केजरीवाल के परिवार का अनकहा सच है। जिसे बीते नौ महीनो के दौर में पूरे परिवार ने जिस दर्द और त्रासदी […]
10% की नई राजनीति
बतंगड़ हर्षवर्धन त्रिपाठी दस प्रतिशत यही वो आंकड़ा होता है जिसके आधार पर तय होता है कि किसी संसदीय व्यवस्था में औपचारिक तौर पर विपक्षी पार्टी होगी या नहीं। और ये अद्भुत संयोग बना है कि चुनावी राजनीति की सर्वोच्च संसद और देश की राजधानी दिल्ली की विधानसभा में जनता ने विपक्ष को चुनने से […]
जनता की नब्ज पहचानने में विफल रही भाजपा
ब्रज किशोर सिंह ब्रजकिशोर सिंह। मित्रों,दिल्ली ने भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अश्वमेध के घोड़े को रोक लिया है। जीत जीत होती है और हार हार। फिर हार जब इतनी करारी हो तो सवाल उठना और भी लाजिमी हो जाता है। ऐसा कैसे हो सकता है कि मैं सच कहूंगा मगर फिर भी हार […]
क्या है एक मुखी गोल रुद्राक्ष
पंडित दयानन्द शास्त्री भगवान शिव ने समस्त लोगों के कल्याण के लिए अपने नेत्रों से आंसू के रूप में रुद्राक्ष उत्पन्न किए चूँकि भगवान शिव कल्याण करने वाले देवता हैं इसलिए उनकी आँख से प्रथम आंसू गिरते ही एक मुखी रुद्राक्ष उत्पन्न हुए इसलिए एक मुखी गोल रुद्राक्ष को सबसे महत्वपूर्ण और कल्याणकारी रुद्राक्ष माना […]
वरदान है यह हार, भाजपा के लिए!
दिल्ली में भाजपा को ऐसी हार मिली है, जैसी इस शहर में अब से पहले किसी प्रमुख पार्टी को नहीं मिली। कांग्रेस के सफाए पर किसी को भी आश्चर्य या दुख नहीं है। उसके बारे में कुछ चर्चा करना भी जरुरी नहीं है। लेकिन भाजपा के लिए तो यह हार वरदान की तरह उतरी है। […]
नई दिल्ली में राज्यपालों का सम्मेलन जनजाति सलाहकार परिषद की संरचना में एकरूपता लाने की आवश्यकता -ः राज्यपाल श्री कल्याण सिंह नई दिल्ली, 11 फरवरी, 2015। राजस्थान के राज्यपाल श्री कल्याण सिंह ने कहा है कि सभी राज्यों में जनजाति सलाहकार परिषद की संरचना में एकरूपता लाने की आवश्यकता है। उन्होने कहा कि आदिवासियों के […]
मृत्युंजय दीक्षित आखिरकार दिल्ली की जनता का जनादेश 10 फरवरी 2015 को पूरी दुनिया के सामने आ ही गया।दिल्ली की जनता ने बता दिया कि वह अब कितनी परिपक्व हो चुकी है। 49 दिनोंकी केजरी सरकार गिरने के बाद भारतीय जनता पार्टी ने दिल्ली के लिए जो रणनीतियां बार- बार बदली यह उसी का नतीजा […]
राज्य सरकार एवं रिलायंस पॉवर के बीच एमओयू नई दिल्ली,12 फरवरी, 2015। राजस्थान की मुख्यमंत्राी श्रीमती वसुन्धरा राजे ने कहा है कि राज्य सरकार निवेशकों को अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराते हुए राजस्थान को निवेश के लिये उपयुक्त प्रदेश बनाने की दिशा म कार्य कर रही है। हमारा प्रयास है कि निजी क्षेत्रा के साथ भागीदारी […]
जूती पहने हैं, पगड़ी की तरह
मराठी के प्रसिद्ध लेखक भालचंद्र निमाड़े की एक भेंट-वार्ता आज टाइम्स ऑफ इंडिया में छपी है। क्यों छपी है? क्योंकि उन्हें ज्ञानपीठ पुरस्कार मिला है। ज्ञानपीठ और टाइम्स ऑफ इंडिया के मालिक एक ही हैं, वरना ऐसी भेंट-वार्ता किसी अंग्रेजी अखबार में छपना असंभव-सा ही है। निमाड़े ने अंग्रेजी भारत के बारे में जो दो-टूक […]