प्रमोद भार्गव इसी साल जून माह में भारत और बांग्लादेश के बीच हुए भूमि समझौते पर शांतिपूर्ण अमल हो गया। दोनों देशों के 51 हजार नागरिकों को एक देश और उसकी नागरिक पहचान मिल गई है। इस दृष्टि से इन नागरिकों को शनिवार की सुबह उम्मीद की नई किरण के साथ फूटी है। शुक्रवार की […]
Author: अमन आर्य
मृत्युंजय दीक्षित जैसी की संभावना व आशंका व्यक्त की जा रही थी कि संसद का मानसून सत्र हंगामें की भेंट चढ़ जायेगा ठीक वैसा ही हो रहा है। विदेश यात्रा से लौटकर आने के बाद कांग्रेसी युवराज राहुल गांधी ने कांग्रेस की राजनीति को पटरी पर लाने के लिए मोदी सरकार पर एक के बाद […]
बोल सको तो विटप भी बोलो, कहां गये तुम्हारे पात?आता पतझड़ धरती पर क्यों, उसे कौन बुलाने जाता है? सजी संवारी धरती के, सारे गहने ले जाता है।दुल्हन धरती को विधवा कर, तू जरा तरस नही खाता है।लगता बसंत रोता गम में, जब मेघ बरसता आता है। मेघ गर्जना बसंत का गुस्सा, है चपला भी […]
मांसाहारियों को काफी हद तक उनके भोजन से पोषक तत्वों की पूर्ति हो जाती हैं। लेकिन इस मामले में कई बार शाकाहारी पीछे छूट जाते हैं। कई ऐसे पोषक तत्वों की इनमें कमी पाई जाती है। ऐसा नहीं है कि शाकाहारी भोजन से पूर्ण पोषण नहीं पा सकते, बस जरूरत होती है अपने भोजन को […]
कहा जाता है कि विकास केवल स्वतंत्र और पारदर्शी माहौल में ही संभव है। शैक्षिक और अकादमिक जगत के लिए भी यह सच है। शैक्षिक जगत में स्वतंत्रता और पारदर्शिता को केवल तभी कायम रखा जा सकता है, जब महत्वपूर्ण पदों पर चयन और नियुक्तियों में केवल और केवल योग्यता का खयाल रखा जाए और […]
लोकल कलाकारों के लुटने का मौसम आया
सुरेश कुमार जो हमारी संस्कृति को सहेजते हैं उन्हें हम कितना सम्मान देते हैं, कितना सस्ता समझते हैं और जो सिर्फ सीडी सुनाकर चलते बनते हैं, उनके लिए पलक पांवड़े बिछाते हैं। हैं तो ये भी कलाकार ही, फिर ये अपने ही घर में घर की मुर्गी दाल बराबर क्यों समझे जाते हैंज्समाचारों में ही […]
मध्य-पूर्व में बढ़ीं नाटो की मुश्किलें
एस. निहाल सिंह तुर्की के राष्ट्रपति रेसेप तईप एर्डोगन ने हाल ही में आईएसआईएस से लडऩे के लिए अपने देश की नीति में बदलाव करके बहुत बड़ा दांव खेला है। अमेरिका के नेतृत्व में गठबंधन सेनाओं द्वारा आईएस के खिलाफ किए जाने वाले हवाई हमलों में भाग लेने से अब तक तुर्की खुद को शामिल […]
अंतहीन लालच के बीच त्याग की मिसाल
विश्वनाथ सचदेव प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश के संपन्न लोगों से अपील की है कि वे गोबर या लकड़ी के धुएं में भोजन पकाने के लिए शापित लोगों को राहत पहुंचाने के लिए सब्सिडी वाली गैस का त्याग करें। ऐसी ही एक अपील कुछ प्रबुद्ध नागिरकों ने अपने सांसदों-विधायकों से की है कि वे अपनी […]
कण-कण में है व्याप्त तू, फिर भी निर्विकार कैसे?प्रवासी तू मानव मन का, फिर भी मन में छह विकार कैसे? सत्यं शिवं सुंदरम तू, करता दुर्गुणों का बहिष्कार कैसे?ओ सृष्टि के स्रष्टा बता, हुआ तेरा आविष्कार कैसे? मानव संसार का प्राणी है, प्रभु तू भी तो संसारी है।फिर भी तू अलौकिक शक्ति है, विस्मित बुद्घि […]
मैं ब्रह्म नहीं अपितु एक जीवात्मा हूं
मैं कौन हूं? यह प्रश्न कभी न कभी हम सबके जीवन में उत्पन्न होता है। कुछ उत्तर न सूझने के कारण व अन्य विषयों में मन के व्यस्त हो जाने के कारण हम इसकी उपेक्षा कर विस्मृत कर देते हैं। हमें विद्यालयों में जो कुछ पढ़ाया जाता है, उसमें भी यह विषय व इससे सम्बन्धित […]