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  छैला बाबू तू कैसा दिलदार निकला….

जिसे दिल्ली का ठग कहा वह दिल्ली का सुल्तान निकला ! पुण्‍य प्रसून वाजपेयी दिल्ली जीत ने राजनीतिक संघर्ष की नयी लकीर खिंची तो दिल्ली हार ने पूंजी और प्रबंधन की बिसात को खोखला साबित कर दिया। तो क्या भारतीय राजनीति का नया मंत्र वोटरों को ही राजनेता बनाकर सत्ता उनके हाथ में थमाना है। […]

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