आजकल बकवास और बकवासी लोगों का खूब बोलबाला है। जिन्हें नहीं बोलना चाहिए वे भी बोल पड़ते हैं, बोलते चले जाते हैं। नॉनस्टॉप बकवास करना ही इनकी जिन्दगी है। बात छोटे-बड़े, खास या आम आदमी की हो या फिर किसी भी श्रेणी के कोई से इंसान की। बकवास करना अपने आपमें वह मौलिक प्रतिभा है […]
Month: October 2014
महर्षि की कमाई खाता आर्य समाज
प्रेरक ‘हिन्दी प्रदीप (प्रयाग) ने स्वामी दयानंद जी महाराज के देहांत पर अपने श्रद्घा सुमन निम्न प्रकार अर्पित किये थे-”हा! आज भारतोन्नति कमलिनी का सूर्य अस्त हो गया। हा! वेद का खेद मिटाने वाला सद्घैद्य गुप्त हो गया। हा! दयानंद सरस्वती आर्यों की सरस्वती जहाज का पतवारी बिना दूसरों को सौंपे तुम क्यों अंतर्धान हो […]
आइये जाने की क्या हैं लाभ पंचमी
सौभाग्य (लाभ) पंचमी जीवन मं सुख और सौभाग्य की वृद्धि करती है इसलिए कार्तिक शुक्ल पक्ष कि पंचमी को सौभाग्य पंचमी के नाम से भी जाना जाता है. इस वर्ष 28 अक्तूबर 2014 को (मंगलवार के दिन) लाभ/ सौभाग्य पंचमी का पर्व मनाया जाएगा कार्तिक शुक्ल पंचमी, सौभाग्य पंचमी व लाभ पंचमी के रूप में […]
(कविता) अविनाश वाचस्पति नाउम्मीदी में खुशियों की ईद है जो कल गई है वापिस वो दीवाली है मन में मिलने की हरियाली है सबसे प्यारे हैं इंतजार के क्षण जल्दी भंग नहीं होते, भंगर नहीं होते इंतजार में होता है सुकून जब होता है सुकून तब और कुछ नहीं होता न होती है चिंता नहीं […]
वह खून कहो किस मतलब का
वह खून कहो किस मतलब का जिसमें उबाल का नाम नहीं। वह खून कहो किस मतलब का आ सके देश के काम नहीं। वह खून कहो किस मतलब का जिसमें जीवन, न रवानी है! जो परवश होकर बहता है, वह खून नहीं, पानी है! उस दिन लोगों ने सही-सही खून की कीमत पहचानी […]
महाराष्ट्र और हरियाणा विधान सभा के लिये हुये चुनाव के परिणाम आ गये हैं । हरियाणा में तो भारतीय जनता पार्टी ने स्पष्ट बहुमत प्राप्त कर लिया है लेकिन महाराष्ट्र में वह कुछ सीटों के अन्तराल से बहुमत से चूक गई है । यदि पार्टी ने अकेले चुनाव लड़ने का निर्णय महीना भर पहले […]
मनीराम शर्मा समय समय पर भारत की न्यायपालिका द्वारा शक्तियों के प्रयोग पर प्रश्न चिन्ह उठते रहे हैं | यद्यपि समय समय पर देश की न्यायपालिका और उसके पैरोकार न्यायिक गरिमा का दम भरते हैं किन्तु हाल ही में जयललिता को जमानत देने और निर्णय पर रोक लगाने का मामला एक ताज़ा और ज्वलंत उदाहरण […]
दिल को लुभाये वागड़ की दीवाली
सुकून देता है दीवाली आणा – कल्पना डिण्डोर जीवन के हर पहलू को वासंती उल्लास देने में पर्व-त्योहारों का ख़ास महत्व है। हर उत्सव के साथ जुड़ी हुई लोक रस्म जन मन से लेकर परिवेश तक में आनंद का दरिया बहा देती है। दीपावली भी ऎसा ही त्योहार है जब पूरा परिवेश लोक लहरियों पर […]
कैसे आए लक्ष्मी हमरे द्वार ….
– कल्पना डिण्डोर लक्ष्मी पाने के फेर में हम सदियों से कुछ न कुछ करते ही आ रहे हैं। सदियों पहले उतना धूमधड़ाका नहीं था। पटाखों का शोर नहीं था, माईक दानवों का अस्तित्व तक भी नहीं। श्रद्धालु आराम से लक्ष्मी मैया की पूजा-अर्चना करते, और लक्ष्मी मैया भी पूरी उदारता के साथ वह सब […]
सभी प्रकार के वातरोगों में लहसुनका उपयोग करना चाहिए।इससे रोगी शीघ्र ही रोगमुक्त हो जाता है तथाउसके शरीर की वृद्धि होती है।’ कश्यप ऋषि के अनुसारलहसुन सेवन का उत्तम समय पौष व माघ महीना(दिनांक 22 दिसम्बर से 18 फरवरी 2015 तक) है।प्रयोग विधिः 200 ग्राम लहसुन छीलकर पीस लें। 4 लीटर दूध में ये लहसुन […]