कुशल राजनीतिज्ञ चाणक्य का कहना है कि जब विरोधी पक्ष में हाहाकार मच रहा हो, समझ लो, राजा सख्त है। नागरिकता संशोधक कानून के विरोध में शाहीन बाग बनाए गए, हिन्दू विरोधी दंगे और फिर जैसाकि 6 माह पूर्व शुरू हुए कृषि कानूनों के विरोध में हो रहे किसान आन्दोलन के बारे में कहा […]