images (44)

आज यह हम सबके लिए बहुत ही प्रसन्नता का विषय है कि श्री राम जी के नवनिर्मित मंदिर के दर्शनों के लिए 350 मुसलमानों का दल भी अयोध्या पहुंचा है । दल के सदस्यों ने इस बात पर गर्व और गौरव की अनुभूति की कि वह श्री राम उनके पूर्वज हैं।
मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के राजा रईस और प्रांत संयोजक शेर अली खान लखनऊ से छह दिन की पदयात्रा करके 350 मुस्लिम श्रद्धालुओं के साथ दर्शन के लिए अयोध्या पहुंचे तो उनकी प्रसन्नता का कोई ठिकाना नहीं था उन्हें इस बात पर असीम प्रसन्नता की अनुभूति हो रही थी कि वह आज अपने पूर्वज के मंदिर में दर्शन कर रहे हैं। उनके लिए मजहब की सारी सीमाएं पीछे छूट गई थीं। उनके हृदय में देशभक्ति, संस्कृतिभक्ति और श्री राम के प्रति आस्था का सागर लहरा रहा था।
मुस्लिम राष्ट्रीय मंच से जुड़े मुस्लिम श्रद्धालुओं के साथ यात्रा में मंच की सीता रसोई भी चल रही थी जो श्रद्धालुगण के जलपान और भोजन की सात्विक व्यवस्था कर रही थी। दल में उपस्थित रहीं मुस्लिम महिलाओं ने भी अपनी भावनाओं को खुलकर प्रकट किया और यह पूछने पर कि उनके विरुद्ध कोई फतवा जारी हो सकता है, कहा कि उन्हें इस बात की कोई चिंता नहीं है। जिसे जो करना है वह कर सकता है , पर आज हम बहुत प्रसन्न हैं कि श्री राम जी के दर्शन करने का हमें सौभाग्य प्राप्त हुआ है। दर्शन के बाद सभी श्रद्धालुओं की आंखों में गर्व के आंसू और जिह्वा पर श्रीराम का नाम था। जो लोग आज तक गंगा जमुनी तहजीब की बात करते हुए हिंदुओं से ही यह अपेक्षा करते आए हैं कि वह मुस्लिम पीरों की मजारों पर जाकर शीश झुकाए और वह स्वयं अर्थात मुस्लिम हिंदुओं के किसी मंदिर में भूलकर भी न जाने पाएं ,उनकी इस प्रकार की सारी दलीलें धरी की धरी रह गईं ,जब इस दल के सभी सदस्यों ने गौरव के आंसू छलकाकर अपनी भावनाओं को अभिव्यक्ति दी।
लखनऊ से अयोध्या के बीच के लगभग 150 किलोमीटर की दूरी को इस दल ने छह दिनों में पूरा किया। इस दौरान हर 25 किलोमीटर के बाद यात्रा एक पूर्व निर्धारित स्थान पर रात्रि विश्राम के लिए रुकती थी और फिर अगली सुबह निकल पड़ती थी। इन लोगों को किसी भी प्रकार के खतरे की कोई चिंता नहीं थी। इनका एक ही लक्ष्य था कि भारत की वास्तविक गंगा जमुनी तहजीब अर्थात सर्व संप्रदाय समभाव को प्रकट करने का यह उचित अवसर है जब यह संदेश दिया जाए कि श्रीराम सचमुच सभी भारतवासियों के पूर्वज हैं और उनका चरित्र आज भी हम सबके लिए वंदनीय और पूजनीय है। अपनी इस यात्रा के माध्यम से इन लोगों ने यह भी संदेश देने का प्रयास किया कि भारत ही संसार का एकमात्र ऐसा देश है जहां मुसलमान को सारी सुविधाएं उपलब्ध हैं और वह यहां रहकर अपनी धार्मिक मान्यताओं को भी पूरा कर सकते हैं। क्योंकि भारत का हिंदू समाज बहुत ही उदारमना है। उसे किसी भी संप्रदाय की निजी सांप्रदायिक मान्यताओं पर कोई विरोध नहीं है । हां, यदि कोई हिंदू अस्मिता पर चोट करने का प्रयास करेगा तो उसके लिए भारत का हिंदू समाज अपनी उसी चिर परिचित शैली में उठ खड़ा होगा जिस प्रकार श्री राम जी राक्षसों के संहार के लिए उठ खड़े हुए थे।
अपनी प्रसन्नता को अभिव्यक्ति देते हुए मंच के मीडिया प्रभारी शाहिद सईद ने इस अवसर पर स्पष्ट किया कि इमाम ए हिंद श्रीराम के दर्शन का यह पल उनके पूरे जीवनकाल के लिए सुखद स्मृति के रूप में रहेगा। मंच के संयोजक राजा रईस ने कहा कि राम हम सभी के पूर्वज थे, हैं और रहेंगे। उनके शब्दों से स्पष्ट है कि उनके भीतर श्री राम जी के आदर्श चरित्र के प्रति गहरी आस्था और सम्मान है । उन्हें अपनी निजी सांप्रदायिक मान्यताओं के प्रति लगाव है तो भारत की आत्मा के साथ भी उतना ही गहरा लगाव है। इस प्रकार अपने इस प्रकार के वक्तव्य से उन्होंने यह स्पष्ट कर दिया कि अब भारतवर्ष में धार्मिक कट्टरता के दिन लद चुके हैं और जो लोग भारत के साथ जुड़कर श्री राम जी को अपना पूर्वज मानकर भारत को पवित्र भूमि और पुण्य भूमि मानते हैं उन्हें निसंकोच अपनी बात को कहना चाहिए।
उन्होंने कहा कि हमारा मुल्क, हमारी सभ्यता, हमारा संविधान नहीं सिखाता है आपस में बैर रखना। अगर कोई अलग धर्म का इंसान किसी अलग धर्म के इबादतगाह या पूजास्थल पर चला जाए, तो इसका अर्थ यह कदापि नहीं मानना चाहिए कि उसने अपना धर्म और मजहब छोड़ दिया है। यदि उमेर इलियासी राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा में शिरकत करने गए या हम सभी 350 मुस्लिम श्रद्धालु दर्शन करने आए, तो देश और इंसानियत का सम्मान करते हुए मान बढ़ाने आए। ऐसा कर के हम सभी काफिर नहीं हो गए, कोई जुर्म नहीं किया। बल्कि इस देश की मिल्लत मोहब्बत संस्कृति को मजबूत करने का काम किया है।
वास्तव में जब इस प्रकार की सोच देश के प्रत्येक नागरिक की बन जाएगी तो उस समय ही पंथनिरपेक्ष शासन और पंथनिरपेक्ष समाज की स्थापना करने का हमारा संवैधानिक संकल्प साकार रूप लेगा। भारत के संविधान निर्माताओं ने इसी प्रकार के भाईचारे की कामना करते हुए सामाजिक समरसता का संकल्प लिया था। जिन लोगों ने भाई को ही चारा बनाने का काम करते हुए अपनी मजहबी सांप्रदायिक सोच को उजागर किया उन्होंने संविधान निर्माताओं की इस प्रकार की पवित्र भावना का अपमान करते हुए भारत के सामाजिक परिवेश में विष घोलने का पाप किया। अब श्री राम जी के प्रति उमड़ी मुस्लिम समाज की इस प्रकार की श्रद्धा से निश्चित ही ऐसे सामाजिक और देश विरोधी तत्वों को गहरा आघात लगेगा। हमें आशा करनी चाहिए कि दिन प्रतिदिन हम इसी प्रकार के भाईचारे की पवित्र भावना को और मजबूत करते चले जाएंगे।

Dr Rakesh Kumar Arya

Comment:

betpark giriş
betgaranti giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
casinolevant giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betgaranti mobil giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betgaranti giriş
betgaranti giriş
betpark giriş
betgaranti giriş
betgaranti mobil giriş
betpark giriş
betgaranti giriş
betgaranti mobil giriş
betgaranti güncel giriş
Kolaybet Giriş
bettilt giriş
betgaranti giriş
kolaybet giriş
betgaranti giriş
kolaybet giriş
betgaranti giriş
betgaranti giriş
betgaranti giriş
betgaranti giriş
betgaranti giriş
bettilt giriş
Betgaranti
betgaranti
betgaranti giriş
bettilt giriş
bettilt giriş
bettilt giriş
Betgaranti Giriş
Kolaybet Giriş
betgaranti giriş
holiganbet giriş
bettilt giriş
bettilt giriş
bettilt giriş
perabet giriş
kolaybet giriş
kolaybet giriş
bettilt giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
bettilt giriş
betnano giriş
Kolaybet
kolaybet giriş
grandpashabet giriş
betnano giriş
bettilt giriş
kolaybet giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
marsbahis giriş
marsbahis giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betorder giriş
betorder giriş
vdcasino giriş
vdcasino giriş
betorder giriş
betorder giriş
kolaybet giriş
kolaybet giriş
kolaybet giriş
kolaybet
kolaybet
betgaranti international
betgaranti giriş
betgaranti giriş