Categories
इतिहास के पन्नों से

साम्राज्य के प्रेरक देवल रानी और खुसरो खान

20 अप्रैल/इतिहास-स्मृति

विजयनगर साम्राज्य के प्रेरक देवलरानी और खुशरोखान

मध्यकालीन इतिहास में हिन्दू गौरव के अनेक पृष्ठों को वामपंथी इतिहासकारों ने छिपाने का राष्ट्रीय अपराध किया है। ऐसा ही एक प्रसंग गुजरात की राजनकुमारी देवलरानी और खुशरो खान का है।

अलाउद्दीन खिलजी ने दक्षिण भारत में नरसंहार कर अपार धनराशि लूटी तथा वहां हिन्दू कला व संस्कृति को भी भरपूर नष्ट किया। उसने गुजरात को भी दो बार लूटा। गुजरात के शासक रायकर्ण की पत्नी कमलादेवी को जबरन अपनी तथा राजकुमारी देवलरानी को अपने बड़े बेटे खिजरखां की बीवी बना लिया। अलाउद्दीन की मृत्यु के कुछ दिन बाद उसके दूसरे पुत्र मुबारकशाह ने खिजरखां को मारकर देवलरानी को अपने हरम में डाल लिया। देवलरानी खून का घूंट पीकर सही समय की प्रतीक्षा करती रही।

इस अराजकता के काल में दिल्ली दरबार में खुशरो खान अत्यन्त प्रभावी व्यक्ति बन गया। वह भी मूलतः गुजराती हिन्दू था, जिसे दिल्ली लाकर जबरन मुसलमान बनाया गया था। वह हिन्दुत्व के दृढ़ भाव को मन में रखकर योजना बनाता रहा और मुबारक शाह का सबसे विश्वस्त तथा प्रभावी दरबारी बन गया। मुबारक शाह ने उसे खुशरो खान नाम देकर अपना वजीर बना लिया।

खुशरो के मन में हिन्दू राज्य का सपना पल रहा था। उसने गुजरात शासन में अपने सगे भाई हिमासुद्दीन को मुख्य अधिकारी बनाया, जो पहले हिन्दू ही था। इसी प्रकार उसने दिल्ली में जबरन मुस्लिम बनाये गये 20,000 सैनिक भरती किये। एक बार वह मुबारक शाह के साथ तथा एक बार अकेले दक्षिण की लूट पर गया। उसने वहां विध्वंस और नरसंहार तो खूब किया; पर गुप्त रूप से कुछ हिन्दू राजाओं से मित्रता व मंत्रणा भी की। कुछ लोगों ने मुबारक शाह से उसकी शिकायत की; पर मुबारक ने उन पर विश्वास नहीं किया।

परिस्थिति पूरी तरह अनुकूल होने पर खुशरो खान तथा देवलरानी ने एक योजना बनाई। 20 अप्रैल, 1320 की रात्रि में खुशरो खान ने 300 हिन्दुओं के साथ राजमहल में प्रवेश किया। उसने कहा कि इन्हें मुसलमान बनाना है, अतः सुल्तान से मिलाना आवश्यक है। सुल्तान से भेंट के समय खुशरो के मामा खडोल तथा भूरिया नामक एक व्यक्ति ने मुबारक शाह का वध कर दिया। बाकी सबने मिलकर राजपरिवार के सब सदस्यों को मार डाला।

इसके बाद खुशरो खान ने स्वयं को सुल्तान घोषितकर देवलरानी से विवाह कर लिया। उसने अपना नाम नहीं बदला; पर महल में मूर्तिपूजा प्रारम्भ हो गयी। इससे हिन्दुओं में उत्साह की लहर दौड़ गयी। खुशरो खान ने घोषणा की – अब तक मुझे जबरन मुसलमान जैसा जीवन जीना पड़ रहा था, जबकि मैं मूल रूप से हिन्दू की संतान हूं। कल तक सुल्ताना कहलाने वाली देवलरानी भी मूलतः हिन्दू राजकन्या है। इसलिए अब हम दोनों धर्मभ्रष्टता की बेड़ी तोड़कर हिन्दू की तरह जीवन बिताएंगे।

यद्यपि यह राज्य लगभग एक वर्ष ही रहा, चूंकि ग्यासुद्दीन तुगलक तथा अन्य अमीरों के विद्रोह से खुशरो खान मारा गया; पर इससे उस विचार का बीज पड़ गया, जिससे 1336 में विजयनगर साम्राज्य की स्थापना हुई। खुशरो खान की यह योजना दक्षिण में ही बनी थी तथा इसे दक्षिण के अनेक हिन्दू व जबरन धर्मान्तरित मुस्लिम शासकों तथा सेनानायकों का समर्थन प्राप्त था।

(संदर्भ : डा0 सतीश मित्तल, इतिहास दृष्टि, पांचजन्य 28.6.09)
…………………………

Comment:Cancel reply

Exit mobile version
betpark giriş
betgaranti giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
bettilt giriş
betpark giriş
klasbahis giriş
klasbahis giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
bettilt giriş
betpark giriş
casinolevant giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
sahabet giriş
sahabet giriş
sahabet giriş
sahabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpuan giriş
betpuan giriş
matbet giriş
matbet giriş
betpuan giriş
betpuan giriş
matbet giriş
matbet giriş
sahabet giriş
sahabet giriş
sahabet giriş
sahabet giriş
sahabet giriş
betgaranti mobil giriş
bettilt giriş
bettilt giriş
betpark giriş
betwoon giriş
betwoon giriş
sahabet giriş
sahabet giriş
betwoon giriş
betwoon giriş
sahabet giriş
sahabet giriş
marsbahis giriş
marsbahis giriş
maxwin giriş
maxwin giriş
marsbahis giriş
marsbahis giriş
imajbet giriş
imajbet giriş
bettilt giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
bettilt giriş
sahabet giriş
sahabet giriş
betgaranti giriş
betgaranti giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
holiganbet giriş
grandpashabet giriş