शिक्षा और तकनीक को आज सबसे जरूरी चीज मानने वाले शायद इस खबर पर थोड़ी त्योरी चढ़ाएं लेकिन रामायण और महाभारत भी अब युवाओं की जरूरत और संभावनाएं बनेंगे। धार्मिक इतिहास को धर्मग्रंथों में होने और दादी-नानी की कहानियों, साधु-महात्माओं के प्रवचनों में सुनने के अलावा अब खासकर युवा इसमें अपना भविष्य बनाएंगे..और यह सब […]
Category: महत्वपूर्ण लेख
अपराध बढऩे के मुख्य कारण
आज मौत कितनी सस्ती हो गयी है कि ऐसे कई गिरोह सक्रिय है जो सिर्फ चन्द रुपयो के लिए किसी की भी हत्या कर देते है फिर चाहे जिसकी हत्या करानी है वह कोई भी क्यों न हो वे यह भी नही सोचते कि उस व्यक्ति कि हत्या से कितने बच्चे अनाथ हो जायेंगें उसके […]
गणराज्य से लाएँ स्वराज्य
आज गणतंत्र दिवस है। वह दिन जो गण के नाम समर्पित है। जो गण का अपना, अपने लिए और अपने द्वारा संचालित है। आम गण का अपना ही जब सब कुछ है फिर गण का कोई वजूद कहीं क्यों नहीं दिख रहा है? गण के नाम पर जो कुछ हो रहा है, हुआ है और होने वाला है […]
प्यासे भारत की दरियादिली
पारस्परिक आदान-प्रदान कूटनीति का पहला सिद्धांत है, किंतु भारत के लिए नहीं। पड़ोसियों से दोस्ती की खातिर भारत हदें लांघता रहा है, फिर भी आज वह समस्या खड़ी करने वाले पड़ोसियों से घिरा हुआ है। भूमि के मुद्दे पर भारत की उदारता की काफी चर्चा हुई है। भारत 1954 में तिब्बत पर ब्रिटिश वंशागत अपरदेशीय […]
वीणा सेठीयह बात हमेशा कही जाती है कि जहां पर नारी की पूजा होती है वहां देवता निवास करते हैं। नारी की भारत के घर घर में किस तरह से पूजा और कैसा सम्मान किया जा रहा है, यह सर्वविदित है। जन्म से लेकर मृत्यु तक उसे सदैव ही पुरूष के संरक्षण की आवश्यकता का […]
भगवान के डाकियों को लीलते कीटनाशक
आशीष वशिष्ठबढ़ते कीटनाशको के उपयोग ने पक्षियों के जीवन को बहुत नुकसान पहुंचाया है. किसानों के मित्र समझे जाने वाले पक्षियों की प्रजातियों में दिन-प्रतिदिन भारी कमी होती जा रही है. हालात ये हैं कि कुछ समय से तो कुछेक प्रजातियों के पक्षी नजर ही नहीं आ रहे हैं. विशेष बात तो यह है कि […]
फेस्बूक के पीछे बनने का सच
सोशल वेबवाइट FB यानी facebook चलाने वालों मे एक फीसदी लोगों को भी यह पता नहीं होगा कि इसके फाउंडर मार्क जुकरबर्ग नहीं बल्कि अप्रवासी भारतीय दिव्य नरेंद्र है। दिव्य नरेंद्र हिंदुस्तानियों के लिए ज्यादा जाना-पहचाना नाम नहीं है। महज 29 साल के दिव्य नरेंद्र अमरीका में रहने वाले अप्रावासी भारतीय हैं। उनके माता-पिता काफी […]
दी लीजेंड ऑफ झंडा
सुशील भाटीब्रिटिशराज के दौरान भारत में बहुत से लोगों ने अंग्रेजी हुकूमत के अत्याचारों और शोषण के खिलाफ संघर्ष किया और अपने प्राणों तक की आहूति दे दी। इनमें से बहुत से बलिदानियों को तो इतिहास में जगह मिल गयी परंतु कुछ के तो हम नाम भी नही जानते। ब्रिटिश साम्राज्य के विरूद्घ आम आदमी […]
समाज का पतन निकट समझिए
लोग कहते हैं कि ये विज्ञान का युग है। इसमें बच्चे समय से पहले बड़े हो रहे हैं। लेकिन ऐसा भी नही है, हमारा मानना है कि ये संक्रमण का युग है और इसमें पुरानी मान्यताएं बदल रही हैं और नई जन्म ले रही हैं।बीता हुआ कल बीत गया, पर उसमें मेरे टोकने वाले, रोकने […]
हिमालय के दक्षिण में एक विस्तृत समतल मैदान है जो लगभग सारे उत्तर भारत में फैला हुआ है। यह गंगा, ब्रह्मपुत्र तथा सिंधु और उनकी सहायक नदियों द्वारा बना है। यह मैदान गंगा सिंधु के मैदान के नाम से जाना जाता है। इसका अधिकतर भाग गंगा, नदी के क्षेत्र में पड़ता है। सिंधु और उसकी […]