डॉ.शशि तिवारी नकल असल जैसा, वैसा होने का एक और जहां भ्रम पैदा करता है वहीं दूसरी ओर अनुकरण न केवल गुलामी पैदा करता है बल्कि अपने असल होने के अस्तित्व केा भी नकारता है। इस तरह की जद्दोज़हद किसी को भी मंजिल पर न पहुंचा केवल भटकाव को ही पैदा करती है। नकल अन्धत्व […]
Month: June 2015
आँखे : लघुकथा
“कार से एक लड़की उतरी और बस स्टैंड की तरफ बढ़ी, एक बुजुर्ग से बोली, अंकल ये ‘मौर्या शेरेटन’ जाने का रास्ता किधर से है, बेटा आगे से जाकर दायें हाथ पर मुड़ जाना, जी शुक्रिया, तभी उसके कानों में एक मधुर संगीत गूँज उठा, “ये रेशमी जुल्फें, ये शरबती आँखे इन्हे देखकर जी रहे […]
श्रेय और प्रेय का मार्ग
अशोक “प्रवृद्ध” पृथ्वी के उत्तर और दक्षिण में दो ध्रुव – उत्तरी ध्रुव और दक्षिणी ध्रुव हैं । दोनों ध्रुवों को ही पृथ्वी की धुरी कहा जाता हैं और दोनों में ही असाधारण शक्ति केन्द्रीभूत मानी जाती हैं । इसी भान्ति चेतन तत्त्व के भी दो ध्रुव हैं जिन्हें माया और ब्रह्म कहा जाता है […]
कब तक चलेगी, यह नौटंकी?
आम आदमी पार्टी ने अपना हाल क्या बना रखा है? कुछ ही हफ्तों में उसकी शक्ल कैसी बन गई है? दिल्ली में उसकी प्रचंड विजय ने लोगों के दिल में कैसे-कैसे सपने जगा दिए थे। कुछ लोग आशा करने लगे थे कि यदि मोदी सरकार नाकारा साबित हुई तो पांच साल बाद या उसके पहले […]
किसान और मनरेगा अधिनियम
-अशोक “प्रवृद्ध” गोंदल सिंह गाँव का एक लघु कृषक था और अपने गाँव में रहकर खेती एवं पशुपालन करते हुए अपनी आजीविका मजे में चला रहा था। संपन्न नही था फिर भी खुशहाल जीवन जी रहा था। गोंदल सिंह को खेती से बहुत प्यार था और किसान होने पर उसे गर्व था। वह कहता था […]
“आर्य समाज” को खत्म करना चाहते थे गांधी
मोहनदास करमचन्द गाँधी वैसे तो भारत के राष्ट्रपिता कहलाते हैं, लेकिन उन्होंने 1924 में मुसलमानों के प्रति अपना आगाह प्रेम प्रदर्शित करने के लिए आर्य समाज जैसे समाजिक व संस्कृति संस्था को प्रतिबंधित की वकालत करते हुए ब्रिटिश सरकार से कई बार निवेदन किया था। गाँधी ने आर्य समाज पर आक्रमण करवाने का घृणित कार्य […]
मोदी के बांग्लादेश से किये किसी भी समझौते के समझने से पहले चीन के बांग्लादेश और भारत के पडोसी राज्यों में भारत के घेरने की रणनीति के बारे में समझना अति आवश्यक है. भारत को घेरते हुए चीन ने सभी पडोसी देशो में अपने बंदरगाह बना दिए थे और इन बंदरगाहो को भारत विरोधी गतिविधियों […]
पाक और चीन नहीं है, बर्मा !
भारतीय सेना के कमांडो ने वह काम कर दिखाया है, जिसकी वकालत मैं अब से 40 साल पहले से करता रहा हूं। उन्हें बधाई! इस मामले में गृहमंत्री राजनाथसिंह और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित दोभाल की भूमिका विशेष उल्लेखनीय है। विदेश सचिव जयशंकर ने भी बर्मा को साधे रखा। उनकी इस साहसिक कार्रवाई का असर […]
अब तेरा क्या होगा लालू ?
ब्रज किशोर सिंह मित्रों,हिंदी में एक कहावत है और है महाभारतकालीन कि मनुष्य बली नहीं होत हैं समय होत बलवान,भीलन लूटी गोपिका वही अर्जुन वही बान। 15 सालों तक बिहार पर एकछत्र राज करनेवाले लालू प्रसाद को देखकर एकबारगी स्वभाववश दया भी आती है और इस कहावत पर हमारा विश्वास और भी दृढ़ हो जाता […]
मृत्युंजय दीक्षित विगत 6 व 7 जून को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बांग्लादेष यात्रा कई मायने में ऐतिहासिक व सफल कही जा सकती है। पीएम मोदी की बंाग्लादेष यात्रा की हनक और धमक भारत के धुर विरोधी चीन और पाकिस्तान दोनों में ही सुनायी पड़ रही है। वहीं भारत के अंदर प्रमुख राजनैतिक विरोधी दल […]