उत्तर प्रदेश देश का एक महत्वपूर्ण प्रांत है। देश की राजनीति को इसने आजादी के बाद से ही निर्णायिक दिशा दी है। हर क्षेत्र में इसकी अहम भूमिका रही है, पर फिर भी इस प्रदेश का उतना विकास नहीं हो पाया है, जितना कि होना चाहिए था। दो चार साल मुख्यमंत्री रह लेने वाला हर […]
Author: अमन आर्य
-अरुण नेहरूहम वैशिवक दबाव से मुक्त नहीं हैं और एक दशक तक उच्च जीडीपी के बाद हम 7 प्रतिशत या उससे भी कम दर तक लुढ़क सकते हैं और इसका हमारे जीवन के हर पहलू पर असर होगा। मुद्रास्फीति को लेकर यूपीए दबाव में है और भ्रष्टाचार के मामलों ने गठबंधन को कमजोर किया है। […]
-राजनीतिक संवाददातानर्इ दिल्ली। देश के प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह एफडीआर्इ पर अकेले पड़ गये है। उनके साथ खड़े होने के लिए उन्हें हाथ ढूंढने पड़ रहे हैं।लगता है ‘कांग्रेस का हाथ उनका साथ छोड़ गया है। राजनीति में ऐसा ही होता भी है। जब कोर्इ जहाज डूबने लगता है तो उस पर बैठना अपनी जान को […]
नई दिल्ली । काँग्रेस महा सचिव राहुल गांधी ने युवाओं के ज्यादा से ज्यादा राजनीति में आने की आवश्यकता पर बल देते हुए युवा काँग्रेस के निर्वचित प्रतिनिधियों से सोमवार का कहा कि वे गरीब और आम आदमी की लड़ाई लड़े ताकि उन लोगों की स्थिति बेहतर बन सके ।श्री गांधी ने यहाँ युवा काँग्रेस […]
भारत धर्मप्राण व अहिंसा प्रधान देश होने के कारण विश्व में ‘जगदगुरु की तरह आदर पाता है। भगवान श्री राम, कृष्ण, बुद्ध व भगवान महावीर आदि सभी अवतारों व विभूतियों ने जीव मात्र में भगवान के दर्शन करने, किसी भी प्राणी की हिंसा न करने, भोजन शुद्ध – सात्विक करने की प्रेरणा दी । यह […]
अमर्त्य सेन! गरीबी के विषय में बहुत-सी बातें तो स्पष्ट ही होती हैं । इसके नग्नतम स्वरूप को जानने एवं इसके उदगम स्रोत को पहचानने के लिए न तो किसी सुविकसित कसौटी की आवश्यकता है, न किसी चातुर्यपूर्ण मापन कला की और न ही गहरी छानबीन की। किंग लियर की तर्ज पर बेचारे फटेहाल दरिद्रों जिनके […]
मुज़फ्फ़रनगर। अखिल भारत हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष स्वामी चक्रपाणि जी महाराज ने कहा हैं कि उत्तर प्रदेश के विभाजन सम्बन्धी मायावती सरकार के प्रस्ताव का हिन्दू महासभा सशर्त समर्थन करती हैं। परन्तु इसके लिए आवश्यक हैं कि प्रदेश सरकार नये प्रदेश के गठन के बारे में पहले ही सोच समझकर निर्णय ले, प्रशासनिक दृष्टि […]
नई दिल्ली । पाकिस्तान में 1947 से ही सेना की स्थिति सत्ता के लिए खतरनाक रही है । सेना तंत्र से लोकतन्त्र यहाँ सदा ही हारता रहा है । इसकी वजह पाकिस्तान का अपना इतिहास रहा है । इतिहास बीते हुए कल की दास्तान का नाम है, और पाकिस्तान का इस दृष्टि से कोई इतिहास […]
छोटे राज्यों का गठन: एक आकलन
उत्तर प्रदेश के पुनर्गठन में उत्तर प्रदेश की कु॰ मायावती सरकार के प्रस्ताव से छोटे राज्यों की ओर लोगों का ध्यान पुन: गया हैं । संविधान लागू होने के बाद से 1950 से लेकर अब तक आंध्रप्रदेश (1953 आंध्रप्रदेश एक्ट, मद्रास राज्य से अलग करके) केरल (1956 त्रावणकोर और कोचीन को मिलकर ) कर्नाटक (1956, […]
कु. मायावती का निर्णय राजनीति से प्रेरित? लखनऊ। कु. मायावती ने आखिर प्रदेश को चार राज्यो में विभाजित करने से सम्बनिधत अपनी सरकार का प्रस्ताव भारत सरकार की सेवा में भेज दिया है। देश के अधिकांश राजनीतिक दलों ने इस प्रकार प्रदेश के विभाजन को राजनीति से प्रेरित बताया है। इसका अभिप्राय है कि या […]