लगातार बनी है अच्छे सॉफ्टवेयर आर्किटेक्टों की मांग

अमित भंडारी

सूचना प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में हर रोज नए अवसर खुल रहे हैं। इस क्षेत्र में युवा पीढ़ी की दिलचस्पी शुरू से ही रही है। इसकी वजह इस क्षेत्र में योग्य और प्रशिक्षित व्यक्तियों की भारी मांग है। लेकिन बदलते समय के साथ कंपनियां और ग्राहकों की प्राथमिकताएं भी बदली हैं। अब कंपनियां ऐसे लोगों की प्राथमिकता देने लगी हैं जो न सिर्फ कंपनी बल्कि ग्राहकों की सुविधा के अनुसार सॉफ्टवेयर साल्यूशंस डिजाइन करते हैं। लिहाजा सॉफ्टवेयर आर्किटेक्ट का कॅरियर सूचना प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में तेजी से उभर रहा है। सॉफ्टवेयर आर्किटेक्ट का काम काफी जिम्मेदारी भरा होता है। एक कुशल सॉफ्टवेयर आर्किटेक्ट बनने के लिए व्यवसाय और तकनीक की अच्छी समझ होनी चाहिए। क्योंकि उसे न सिर्फ सॉफ्टवेयर आर्किटेक्ट का खाका खींचना होता है बल्कि मॉडल में कंपनी और ग्राहक की जरूरतों के मुताबिक बदलाव भी करना पड़ता है। इसके अलावा वह प्री-डिजाइन फेज में सही डिजाइन बिन्दुओं का निर्धारण भी करता है। इसके बाद डोमेन एनालिसिस फेज आता है। जिसके तहत जरूरी क्षेत्रों को डाक्यूमेंटेशन किया जाता है। इसके बाद प्रोटोटाइप तैयार किया जाता है और साथ में रिस्क फैक्टर का अनुमान लगाया जाता है। इसके अलावा कस्टम ऑपरेटरों को प्रशिक्षित करना भी नई प्रणाली की सफलता के लिए आवश्यक होता है। इसलिए सॉफ्टवेयर आर्किटेक्ट को उनके प्रशिक्षण और नई प्रणाली के रखरखाव की व्यवस्था भी करनी पड़ती है। सॉफ्टवेयर आर्किटेक्ट बनने के लिए अभ्यर्थी में डिजाइनिंग में अनुभव और बड़े इंटरप्राइज साल्यूशंस संभालने की क्षमता होनी चाहिए। इसके लिए नए डिजाइनों का विकास करने की भी योग्यता होनी चाहिए। अगर अभ्यर्थी सॉफ्टवेयर विकास की प्रक्रिया की जानकारी रखता है तो उसे इसका अतिरिक्त फायदा मिलता है। सॉफ्टवेयर आर्किटेक्ट को कई सारे विभागों और व्यक्तियों के साथ तालमेल बिठाकर काम करना पड़ता है क्योंकि टीम में सॉफ्टवेयर आर्किटेक्ट काफी वरिष्ठ होता है। इसलिए उसके अंदर-संवाद और संप्रेषण की अच्छी क्षमता भी होनी चाहिए। इस क्षेत्र में कॅरियर बनाने के इच्छुक अभ्यर्थी को शुरुआत जूनियर आर्किटेक्ट के तौर पर करनी पड़ती है। जो मूल रूप से तकनीकी विशेषज्ञ होते हैं। वरिष्ठ आर्किटेक्ट तकनीकी रणनीति के साथ ही व्यवसायिक रणनीति का भी ख्याल रखता है।

सॉफ्टवेयर आर्किटेक्ट बनाने के लिए न्यूनतम योग्यता आईटी में विशेषज्ञता के साथ बीई, बीटेक, एमई, एमटेक होना जरूरी है। इसके अलावा सिस्टम आईटी में विशेष योग्यता के साथ एमबीए करने वाले अभ्यर्थी भी इस क्षेत्र में अपना भाग्य आजमा सकते हैं। एक सॉफ्टवेयर आर्किटेक्ट के लिए संभावनाओं का अनंत द्वार खुला हुआ है। अगर आपके अंदर अपने काम को कुशलतापूर्वक करने की क्षमता है तो आप जल्द ही सफलता की सीढिय़ां चढ़ जाएंगे। साथ ही आप अकाउटिंग एचआर, बैंकिंग और वित्तीय सेवाओं के क्षेत्र में भी साल्यूशन आर्किटेक्ट के रूप में जगह बना सकते हैं।

Comment:

Kuponbet Giriş
betgaranti giriş
Teknik Seo
ikimisli giriş
betnano giriş
betpark giriş
betnano giriş
betnano giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
betnano giriş
betnano giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
betpark giriş
vaycasino giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
vaycasino giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
betebet giriş
restbet giriş
betpas giriş
betpark giriş
betnano giriş
vaycasino giriş
vaycasino giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
vaycasino giriş
vaycasino giriş
betnano giriş