Categories
मुद्दा

परीक्षा उम्मीदवार मतदाता की

परीक्षा नाम ही पर्याप्त है दिल दहलाने के लिए और आवश्यक भी है। चाहे परीक्षा पढ़ाई में उच्च कक्षा में जाने के लिए हो या नौकरी के लिए हो अथवा जनप्रतिनिधि चुनने के लिए। परीक्षा हर क्षेत्र, हर उम्म और हर समय प्रासंगिक है। आज हम बात करते हैं भारतीय गणतन्त्र में निर्वाचन के संदर्भ में।
जनतन्त्र जनतामय होता है। जनता के बीच से जनता द्वारा चुना हुआ प्रतिनिधि जननायक, जननेता, जनसेवक या ऐसे ही बहुतेरे विशेषणों से सुशोभित होता है। ग्राम पंचायत से संसद तक निर्वाचन की प्रक्रिया ही आधारभूत है। संविधान द्वारा निर्धारित मौलिक अर्हताओं को पूरा करके किसी भी एक पद के लिए दर्जनों उम्मीदवार मतदाताओं के समक्ष होते हैं। वर्षों पुराना विरोधाभासी कथन आज भी चल रहा है कि निर्वाचन द्वारा उम्मीदवारों की परीक्षा होती है। सतही तौर पर सही लगते हुए भी यह आँख मूँदकर मक्खी निगलने जैसा है।
सच तो यह है कि निर्वाचन प्रक्रिया में मतदान द्वारा पाँच साल (या जहाँ जो निर्धारित हो) की अवधि के लिए मतदाता की परीक्षा होती है। आरोप-प्रत्यारोप और ख़याली पुलाओं का लज़ीज़ व्यंजन लिए हर उम्मीदवार मतदाता को बहलाता है, फुसलाता है, बहकाता है, लुभाता है, धमकाता है या अलादीन का चिराग देने का दिवा स्वप्न दिखाता है…….। ऐसे चुनावी बाजार के विज्ञापनों के बीच उपभोक्ता सरिस मतदाता को मतदान से पूर्व भलीभाँति अध्ययन करना चाहिए। उम्मीदवारों के अतीत का लेखा- जोखा, वर्तमान के क्रिया कलाप और भविष्य का निष्पक्ष पूर्वानुमान करना चाहिए। चयनित प्रतिनिधि से अपनी क्या अपेक्षाएँ हैं, यह पूर्ण विवेक के साथ निर्धारित होना चाहिए। एक मतदाता को इतनी तैयारी कर लेने के उपरान्त ही बहुमूल्य मतदान करना चाहिए। तब महसूस होगा कि मतदान करना मतदाता के लिए किसी बड़ी परीक्षा से कम नहीं है। भविष्य की दशा और दिशा मतदान द्वारा ही तय होती है जिसपर एक निर्धारित अवधि व्यतीत करना होता है।
इतिहास बारम्बार गवाह है कि जाति, सम्प्रदाय, क्षेत्र या किसी अन्य मोह में मतदाताओं ने गलत निर्णय लिया और दंड भुगतते रहे। अतीत की इन गलतियों से सीख लेकर अब चुनाव रूपी शस्त्र के प्रयोग का समय आ गया है। जनता को जागृत करें और उचित निर्णय लेने में सहयोग भी। अब किसी भी परिस्थिति में परीक्षा में फेल पास होना है ताकि भविष्य कुशल प्रतिनिधियों द्वारा संचालित हो। मतदान रूपी परीक्षा में मतदाता एक बार पास हो जाये तो उसका भविष्य पाँच वर्षों तक न केवल सुरक्षित रहता है बल्कि उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव भी पड़ती है। अतएव इस चुनावी समर में हमें पक्के इरादे के साथ स्वयं से वादा लेना चाहिए कि हम उचित उम्मीदवार को अनमोल मत देकर मतदान की परीक्षा में पास होंगे।
डॉ. अवधेश कुमार ‘अवध’
मो० नं० 8787573644
awadhesh.gvil@gmail.com

Comment:Cancel reply

Exit mobile version
Kuponbet Giriş
betgaranti giriş
Teknik Seo
ikimisli giriş
grandpashabet giriş
bonus veren siteler
grandpashabet giriş
betnano giriş
betnano giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
setrabet giriş
setrabet giriş
setrabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
setrabet giriş
betnano giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
betnano giriş
restbet giriş
restbet giriş
galabet giriş
betnano giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
betnano giriş
betnano giriş