अर्थहीन है आतिशबाजी और हुल्लडी खुशी – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com पिछले कुछ वर्ष से खुशी जाहिर करने के मामले में हम जाने कितने उपायों का सहारा लेते रहे हैं। इनमें आजकल दो प्रकार के तरीके सर्वत्र व्यापक हैं। एक तो आतिशबाजी और दूसरा हुल्लड़बाजी। हम छोटी-मोटी बात हो या सामूहिक उल्लास का […]
Category: प्रमुख समाचार/संपादकीय
आज का चिंतन-27/04/2014
ढोंग और पाखण्ड ही है पराये धन से समाज सेवा – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com अपने यहाँ समाजसेवा वो सबसे बड़ा काम हो गया है जिसमें न कोई मूल्यांकन है, न परिणाम, और न ही किसी भी प्रकार के बंधन। अनन्त क्षेत्र पसरा है समाज की सेवा का, चाहे जिसमें हाथ आजमाते चलो, अपने फन आजमाओ और मस्त रहो। […]
आज का चिंतन-26/04/2014
उम्र के अनुरूप हो कामकाज बदलती रहे काम की प्रकृति भी – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com हर काम की अपनी उम्र होती है और हर प्रकार के काम के लिए भी उम्र विशेष होती है। हमारे रोजमर्रा के घरेलू काम-काज हों, सरकारी या गैर सरकारी नौकरी हो या फिर समाज और देश का […]
आज का चिंतन-23/04/2014
किसी से तुलना न करें यह विधाता का अपमान है – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com विधाता ने सृष्टि में हर व्यक्ति और क्षेत्र से लेकर जड़-चेतन सभी कुछ अपने आप में अन्यतम बनाया है। यह उसी की कारीगरी का कमाल है कि दुनिया भर में कोई किसी का मेल नहीं है चाहे वह इंसान […]
मुजफ्फर हुसैन गतांक से आगे…… हम तो आपके सेवक थे लेकिन आपने तो हमें कारखाने का कच्चा माल बना दिया। इस माल की आपूर्ति के लिए वह मरेगा, तब तक प्रतीक्षा नही की जा सकती, इसलिए उसकी कुदरती मौत से पहले ही अपने बनाये हुए कत्लखानों में उसे पहुंचा तो ताकि खाने वाले को मांस […]
आज का चिंतन-21/04/2014
– डॉ. दीपक आचार्य9413306077 कोई सा काम हो या विचार, एकाध फीसदी को छोड़कर हम सभी लोगों की आम धारणा बन चली है कि कल करेंगे या कल से शुरू करेंगे। हर रोज हम आने वाले कल के बारे में सोचते हैं लेकिन वह कल कभी नहीं आ पाता। आज का वर्तमान कल जरूर बन […]
आज का चिंतन-20/04/2014
जागो, जगाओ, आगे आओ वोट डालकर धर्म निभाओ – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com यह जमाना उन लोगों का ही है जो रोशनी में रहते हैं, रोशनी पाने के आदी हैं। जो लोग अंधेरों में पड़े रहते हैं उनके लिए चारों तरफ अंधेरा ही अंधेरा पसरा रहता है, उन लोगों को रोशनी का सुकून दिलाने के लिए न इंसान […]
आज का चिंतन-15/04/2014
न भविष्यवाणी करें न कयास लगाएँ – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com बात अपने बारे में हो या फिर औरों के बारे में। जीव से लेकर जगत और जड़-चेतन किसी के भी बारे में कोई सी बात कहने का अर्थ यही नहीं है कि हमारे मुँह से शब्द निकल गए और हम मुक्त हो गए। […]
मुजफ्फर हुसैनगतांक से आगे…….चरबी लागने से लकड़ी की आयु बढ़ जाती थी। लेकिन अब यह चरबी कितनी वस्तुओं में काम आने लगी हैं, उसका कोई शुमार नही होता। हर गांव में चरबी एकत्रित करने वाले मिल जाते हैं, जहां बड़े शहरों से उसके खरीदार पहुंचते हैं और फिर उसे भिन्न वस्तुओं के बनाने में उपयोग […]
आज का चिंतन-13/04/2014
प्रतिक्रियाओं से बचें – डॉ. दीपक आचार्य 9413306077 dr.deepakaacharya@gmail.com क्रिया और प्रतिक्रिया आम इंसान से लेकर हर चेतन तत्व का गुणधर्म है। हर व्यक्ति अपने-अपने हिसाब से क्रिया भी करता है, प्रतिक्रिया भी। कई लोग क्रियाओं में विश्वास करते हैं, कई ऎसे हैं जिनका क्रियाओं में कम, प्रतिक्रियाओं में ज्यादा विश्वास होता है। खूब […]