कुछ लोग मेरे इस लेख को शीर्षक से नहीं समझ पाये होंगे कि मैं क्या लिखना चाहता हूं? मेरा लिखने का तात्पर्य यह है कि कुछ धार्मिक व अहिंसक कहलाने वाले तथा कुछ वे जो गो-रक्षा करना नहीं चाहते हैं, वे लोग कह देते हैं कि केवल गाय की रक्षा ही क्यों की जावे, सभी […]
Month: April 2012
भाजपा के 32वें स्थापना दिवस के मौके पर भाजपा के राष्टï्रीय अध्यक्ष नितिन गडकरी ने कहा है कि भाजपा इस समय भारत दृष्टिï 2025 पर कार्य कर रही है। इसमें हर क्षेत्र के विकास पर खाका खींचा जाएगा। उन्होंने कहा कि संप्रग सरकार से जनता का विश्वास उठ गया है। चारों ओर अंधेरा है। ऐसे […]
एक वर्ष पूर्व दिल्ली के रामलीला मैदान में अनशन पर बैठे बाबा रामदेव ने फिर आगामी 3 जून को अनशन पर बैठने की घोषणा की है। बाबा रामदेव ने अब अन्ना हजारे को साथ लेना उचित समझा है। उन्होंने उत्तर प्रदेश में अखिलेश यादव की सरकार को भी अपने लिए उचित माना है। साथ ही […]
सफलता
सफलता सिर्फ एक संयोग नहीं है। यह हमारे नजरिये का नतीजा है और अपना नजरिया हम खुद चुन सकते हैं। सफलता चुनाव की बात है न कि तुक्के की। ज्यादातर बेवकूफ इंसान किसी लॉटरी के लगने का इंतजार करते रहते हैं पर क्या उससे कामयाबी मिल सकती है?एक पादरी कार से जा रहे थे। रास्ते […]
अपने बजट में ग्रामीण भारत के लिए जितनी घोषणाएं वित्त मंत्री ने की है वह अभी अपर्याप्त है परन्तु फिर भी कुछ हद तक स्वागत योग्य है लेकिन यह भी कड़वा सच है आने वाले समय में महंगाई की मार से आम आदमी फिर से और त्रस्त होगा क्योंकि वित्त मंत्री द्वारा सेवा कर में […]
सैन्य तख्ता पलट संबंधी इँडियन एक्सप्रेस की खबर ने एक नया बवाल खड़ा कर दिया है। बवाल का एक पक्ष यह है कि भारतीय लोकतांत्रिक मूल्यों में साठ सालों से विश्वास करने वाली भारतीय सेना ने जनवरी माह में तख्ता पलट करने की कोशिश की थी। बवाल का दूसरा पक्ष यह है कि एक केंद्रीय […]
ब्रिक्स के बाद ड्रैगन की फुंफकार
अभी अभी हम ब्रिक्स (ब्राजील, रूस, भारत, चीन और साउथ अफ्रीका) की आर्थिक मोर्चेबंदी की सुर्खियों को पढ़ पढक़र मगन हो रहे थे और भारत चीन के संबंधों की नई-नई संभावनाएं तलाश रहे थे। लेकिन ब्रिक्स की प्रगति पर चीन ने जल्दी ही ब्रेक्स लगा दिये हैं। चीन ने भारत की आर्थिक मोर्चे पर हो […]
अभिनव भारत
गुलाब के फूल के संग कांटे हैं। सोना आग में तपकर निखरता है। अंधेरी रात के साथ सुबह का उजाला जुडा है। काली कोयल की मधुर आवाज है। खारी समुद्र रत्नों का भंडार है। कडुवा नीम का वृक्ष औषधि युक्त है। पांच तत्वों का बना यह जड शरीर आत्मा से जुड कर चैतन्य जीव होकर […]
दादाजी की महिमा न्यारी हैअज्ञानता को दूर करकेज्ञान की ज्योति जलाई है।दादाजी की महिमा न्यारी है… दादाजी के चरणों में रहकरहमने शिक्षा पाई है।गलत राह पर भटके जब हमतो दादाजी ने राह दिखाई है।दादाजी की महिमा न्यारी है… माता-पिता ने जन्म दिया परदादाजी ने जीना सिखाया है।ज्ञान, चरित्र और संस्कार कीहमने शिक्षा पाई है।दादाजी की […]
भारत की सेना का इतिहास अत्यंत गौरवपूर्ण है। इसके गौरव का, गरिमा का और गर्व का, इतिहास युगों पुराना है। लाखों वर्ष पूर्व मान्धाता जैसे महान चक्रवर्ती सम्राट के काल में भी सेना का अस्तित्व था। भगवान राम और भगवान कृष्ण के काल में भी सेना का अस्तित्व था। इस सेना का प्रमुख कार्य कूटनीति […]