पूंजी निवेश को बढ़ाकर रोजगार निर्मित करने वाला बजट

A4F3A706-CB3C-4E0C-A8D8-F650B4B7FD45

केंद्रीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमन द्वारा दिनांक 1 फरवरी 2022 को देश की संसद में प्रस्तुत किए गए आम बजट में केंद्र सरकार द्वारा वित्तीय वर्ष 2022-23 में किए जाने वाले पूंजीगत खर्चों में अधिकतम 35.4 प्रतिशत की वृद्धि की घोषणा सबसे आकर्षक घोषणा एवं धरातल पर उठाया गया ठोस कदम कहा जा सकता है। केंद्र सरकार ने वित्तीय वर्ष 2022-23 के लिए 7.50 लाख करोड़ रुपए का प्रावधान पूंजीगत खर्चों के लिए किया है जबकि वित्तीय वर्ष 2021-22 में 5.54 लाख करोड़ रुपए के पूंजीगत खर्चों का प्रावधान किया गया था। यह निर्णय इस दृष्टि से भी महत्वपूर्ण है कि कोरोना महामारी के बाद से भारतीय अर्थव्यवस्था पर आए दबाव के चलते देश में अभी भी निजी क्षेत्र से पूंजी निवेश बढ़ नहीं पा रहा है। अतः केंद्र सरकार आम नागरिकों को राहत प्रदान करने के उद्देश्य से एवं देश की अर्थव्यवस्था को गति प्रदान करने के उद्देश्य से अपने पूंजीगत खर्चों को लगातार बढ़ा रही है। इससे देश में रोजगार के नए अवसर अच्छी तादाद में निर्मित हो रहे हैं, यही समय की मांग भी है।

सबसे महत्वपूर्ण तथ्य यह भी उभरकर सामने आया है कि उक्त पूंजीगत खर्चों में 35.4 प्रतिशत की वृद्धि के बावजूद वित्तीय संतुलन बनाए रखने का भरपूर प्रयास किया गया है। देश में कोरोना महामारी के कारण वित्तीय वर्ष 2021-22 में वित्तीय घाटा बढ़कर सकल घरेलू उत्पाद का 6.9 प्रतिशत के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया था जिसे वित्तीय वर्ष 2022-23 में 6.5 प्रतिशत के स्तर पर लाया जा रहा है एवं वित्तीय वर्ष 2025-26 तक 4.5 प्रतिशत के स्तर तक नीचे ले आया जाएगा। जबकि वित्तीय वर्ष 2021-22 के आम बजट में किए गए कुल खर्चों 34.83 लाख करोड़ रुपए के प्रावधान के बाद अब वित्तीय वर्ष 2022-23 के बजट में कुल खर्चों को बढ़ाकर 39.45 लाख करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। इसके बावजूद भी वित्तीय घाटे को न केवल नियंत्रित किया गया है बल्कि इसे कम भी किया जा रहा है। वित्तीय घाटे को कम रखने से देश में ब्याज की दरों पर दबाव कम होता है एवं मुद्रा स्फीति की दर भी नियंत्रण में रहती है।

वित्तीय वर्ष 2022-23 के आम बजट में कृषि एवं ग्रामीण क्षेत्र पर विशेष ध्यान दिया गया है। इस आम बजट में दरअसल कृषि एवं ग्रामीण क्षेत्र से लेकर उच्च तकनीक एवं पर्यावरण के क्षेत्रों तक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में निवासरत लोगों के भूमि सम्बंधी रिकार्ड का डिजिटलीकरण पूरे देश में किया जा रहा है। जीरो बजट खेती, रासायनिक खाद का उपयोग कम कर देशी खाद के उपयोग को बढ़ावा, खाद्य तेल के आयात को कम करने के उद्देश्य से तिलहन की खेती को बढ़ावा, देश में अतिरिक्त कृषि विश्व विद्यालयों को खोलना एवं ग्रामीणों को फल एवं सब्ज़ियों की खेती करने की ओर आकर्षित करने के विशेष प्रयास किए जाने की बात भी इस बजट में की गई है। न्यूनतम समर्थन मूल्य पर कृषि उत्पादों की खरीदी की राशि को वित्तीय वर्ष 2021-22 के 2.37 लाख करोड़ रुपए से बढ़ाकर वित्तीय वर्ष 2022-23 में 2.70 लाख करोड़ रुपए किया गया है। अब कृषि कार्यों की देखरेख ड्रोन के माध्यम से भी की जाएगी। एक जिला एक उत्पाद की अवधारणा को अमली जामा पहनाने की बात भी इस बजट में की गई है, इससे भी ग्रामीण इलाकों में रोजगार के लाखों नए अवसर निर्मित होंगे। छोटे किसानों द्वारा उत्पादित वस्तुओं के लिए ग्रामीण इलाकों तक रेल्वे का नेटवर्क विकसित किए जाने के प्रयास भी किए जाएंगे।

ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं को कई किलोमीटर तक पैदल चलकर पीने का पानी लाना होता है, केंद्र सरकार द्वारा प्रारम्भ की गई नल से जल योजना के अंतर्गत गांव के प्रत्येक परिवार तक नल का कनेक्शन उपलब्ध कराने के उद्देश्य से इस बजट में 60,000 करोड़ रुपए खर्च करने का प्रावधान किया गया है। प्रधानमंत्री ग्रामीण एवं शहरी आवास योजना के अंतर्गत 80 लाख नए मकान बनाए जाएंगे एवं इसके लिए 48,000 करोड़ रुपए का प्रावधान इस बजट में किया गया है। इससे गरीब वर्ग के परिवारों को अपनी छत नसीब होगी।

कोरोना महामारी के दौरान लागू किए देशव्यापी लॉकडाउन के चलते बहुत विपरीत रूप से प्रभावित हुए व्यापारियों एवं लघु उद्योग को बचाने के लिए केंद्र सरकार ने आपात ऋण गारंटी योजना लागू की थी। छोटे व्यापारियों एवं सूक्ष्म तथा लघु उद्यमियों को इस योजना का बहुत अधिक लाभ मिला है। ऋण के रूप में प्रदान की गई अतिरिक्त सहायता की राशि से इन उद्यमों को तबाह होने से बचा लिया गया है। इस योजना की अवधि 31 मार्च 2022 को समाप्त होने जा रही है परंतु अब इस बजट के माध्यम से इस योजना की अवधि को 31 मार्च 2023 तक के लिए बढ़ा दिया गया है। इससे छोटे व्यापारियों एवं सूक्ष्म एवं लघु उद्यमियों को बैंकों से अतिरिक्त सहायता की राशि उपलब्ध होती रहेगी।

भारत सरकार द्वारा लागू की गई उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना का लाभ अब स्पष्ट तौर पर दिखाई देने लगा है। इस योजना के लागू किए जाने से आगे आने वाले 5 वर्षों के दौरान देश में 13 लाख करोड़ रुपए के विभिन्न उत्पादों का अतिरिक्त उत्पादन किया जा सकेगा एवं रोजगार के 60 लाख नए अवसर निर्मित होंगे। उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना के दायरे में बेटरी एवं पेनल सोलर, 5जी उपकरणों के निर्माण आदि उत्पादों एवं उद्योगों को शामिल कर इसका विस्तार भी किया जा रहा है। इससे भारत के कुछ ही वर्षों में 5 लाख करोड़ अमेरिकी डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने में मदद मिलेगी।

डीजल एवं पेट्रोल का देश में सबसे अधिक आयात होता है इसे कम करने एवं पर्यावरण के स्तर को सुधारने के उद्देश्य से शहरों में पब्लिक वाहनों के उपयोग, इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग एवं सौर ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा दिए जाने के प्रयास की बात इस बजट में की गई है ताकि देश में पेट्रोल एवं डीजल की खपत को कम किया जा सके। देश में 400 नई भारत वन्दे रेलगाड़ियां चलायी जाएंगी एवं देश में हाईवे के विस्तार के लिए 20,000 करोड़ रुपए का प्रावधान इस बजट में किया गया है।

कुछ समय पूर्व तक भारत सुरक्षा उत्पादों का लगभग 100 प्रतिशत आयात करता था परंतु अब कई सुरक्षा उत्पादों का भारत में ही निर्माण किया जाने लगा है। इस वर्ष के बजट में यह प्रावधान किया गया है कि सुरक्षा उत्पादों की कुल जरूरत का 68 प्रतिशत भाग देश में ही निर्मित सुरक्षा उत्पादों को खरीदा जाय। इससे देश में नए नए उद्योगों को स्थापित करने में मदद मिलेगी, रोजगार के लाखों नए अवसर निर्मित होंगे एवं विदेशी मुद्रा की बचत भी की जा सकेगी। इस प्रकार भारत सुरक्षा उत्पादों में शीघ्र ही आत्म निर्भरता हासिल कर लेगा।

इस वर्ष के बजट में यह भी घोषणा की गई है कि भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा भारत के लिए शीघ्र ही अपनी डिजिटल करंसी जारी की जाएगी। इस आकार की अर्थव्यवस्था वाला देश, अपनी डिजिटल करंसी जारी करने वाला भारत सम्भवतः दुनिया में पहला विकासशील देश बनने जा रहा है।

कोरोना महामारी के दो दौर के बाद देश की अर्थव्यवस्था में तेजी से सुधार हो रहा है यह देश में चलाए गए विश्व के सबसे बड़े टीकाकरण कार्यक्रम की सफलता के चलते एवं केंद्र सरकार द्वारा सही समय पर लिए गए सही निर्णयों के कारण सम्भव हो सका है। वित्तीय वर्ष 2021-22 में भारत का सकल घरेलू उत्पाद 9.2 प्रतिशत की वृद्धि दर हासिल करने की ओर अग्रसर है एवं वित्तीय वर्ष 2022-23 में 8.5 प्रतिशत के वृद्धि दर हासिल करने की सम्भावना व्यक्त की गई है। इस प्रकार भारत विश्व में सबसे तेज गति से विकास करने वाली अर्थव्यवस्थाओं की सूची में बना रहेगा।

Comment:

Kuponbet Giriş
betgaranti giriş
Teknik Seo
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
vaycasino giriş
betnano giriş
betpark giriş
betpark giriş
betpark giriş
betlike giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
vaycasino giriş
vaycasino giriş
grandpashabet giriş
vaycasino giriş
betnano giriş
grandpashabet giriş
vaycasino giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
betebet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
vaycasino giriş
vaycasino giriş
betlike giriş
betparibu giriş
betebet giriş
norabahis giriş
betnano giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
betpark giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
vaycasino giriş
vaycasino giriş
betpark giriş
grandpashabet giriş
betpark giriş
betnano giriş
parmabet giriş
piabellacasino giriş
betovis giriş
casinomilyon giriş
casinomilyon giriş
casinomilyon giriş
milanobet giriş
betnano giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
vaycasino giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
grandpashabet giriş
betgaranti giriş
betgaranti giriş
norabahis giriş
vaycasino giriş
grandpashabet giriş
betebet giriş
betgaranti mobil giriş
parmabet giriş
betgaranti giriş
betgaranti giriş
betgaranti giriş
savoybetting giriş
parmabet giriş
betlike giriş
betcup giriş
hitbet giriş
norabahis giriş
betnano giriş
betnano giriş
betnano giriş
betcup giriş
betebet giriş
betnano giriş
betnano giriş
vaycasino giriş
vaycasino giriş
betgaranti giriş
nesinecasino giriş
rekorbet giriş
rekorbet giriş
pumabet giriş
pumabet giriş
nesinecasino giriş
betparibu giriş
betparibu giriş
betpark giriş
kolaybet giriş
betnano giriş
betticket giriş
betticket giriş
restbet giriş
betnano giriş
betnano giriş
betnano giriş
romabet giriş
romabet giriş
betnano giriş