Categories
आओ कुछ जाने

आइए जानें – क्या है हनीट्रैप कांड

उगता भारत ब्यूरो

हनीट्रैप की पेन ड्राइव पर दिए कमलनाथ के बयान से उनके लिए मुश्किलें बढ़ सकती हैं। मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कमलनाथ से एसआईटी पूछताछ करेगी। हनीट्रैप की पेन ड्राइव अपने पास होने वाले बयान को लेकर एसआईटी ने पिछले दिनों उन्हें नोटिस जारी किया था।

मध्य प्रदेश की सियासत में पिछले कुछ समय से पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के बयानों ने नया उबाल ला दिया है। उन्होंने बहुत बार ऐसे बयान दिए हैं कि वो न केवल मध्य प्रदेश की सियासत पर बल्कि पूरे देश भर की सुर्खियों का हिस्सा बन चुके हैं। इसकी शुरुआत तब हुई जब उन्होंने कहा कि कोरोना का एक नया वेरियेंट आ चुका है और ये भारतीय कोरोना है। इस बात को लेकर खासा बवाल हुआ और मध्य प्रदेश के नेताओं से लेकर देशभर के नेताओँ ने इस पर बयान दिया और कमलनाथ को इस बयान के लिए आड़े हाथों लिया। लेकिन हनीट्रैप की पेन ड्राइव पर दिए कमलनाथ के बयान से उनके लिए मुश्किलें बढ़ सकती हैं। मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कमलनाथ से एसआईटी पूछताछ करेगी। हनीट्रैप की पेन ड्राइव अपने पास होने वाले बयान को लेकर एसआईटी ने पिछले दिनों उन्हें नोटिस जारी किया था।

मध्य प्रदेश के पूर्व मंत्री और कांग्रेस के विधायक उमंग सिंघार के भोपाल स्थित घर पर उनकी कथित महिला मित्र सोनिया भारद्वाज ने फांसी लगा कर आत्महत्या कर ली। वो मोहाली की रहने वाली थी। घटनास्थल से एक सोसाइड नोट तो मिला था लेकिन उसमें सीधे तौर पर किसी का भी नाम नहीं लिखा था। भोपाल पुलिस ने खुदकुशी के अगले दिन ही इस मामले में सिंघार के ऊपर केस दर्ज कर लिया। वहीं कांग्रेस पार्टी उमंग सिंघार के पक्ष में नजर आई। प्रदेश के कई नेताओं समेत पूर्व सीएम और वरिष्ठ कांग्रेस नेता कमलनाथ भी सिंघार का बचाव करते दिखे।

उमंग सिंघार का बचाव करने के लिए पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ सामने आए हैं। कांग्रेस विधायक दल की आभाषी बैठक के दौरान कमलनाथ ने बीजेपी सरकार पर बदले की भावना से काम करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि बिना किसी सबूत और साक्ष्य के उमंग सिंघार पर राजनीतिक विद्वेष से एफआईआर दर्ज की गई है। इसके साथ ही बैठक में कमलनाथ ने विधायकों से कहा कि कोई यह न भूले कि हनीट्रैप मामले की ओरिजनल पेन ड्राइव अभी भी मेरे पास है। केवल मेरे ही नहीं बल्कि मेरे साथ कई पत्रकारों के पास भी है। कमलनाथ ने बताया था कि मृतक के परिजनों ने पुलिस से कोई शिकायत दर्ज नहीं की । इसके बावजूद उमंग पर केस दर्ज कर दिया गया। यह राजनीति से प्रेरित केस है, इसे तत्काल वापस लेने की जरूरत है।

हनीट्रैप कांड की पेन ड्राइव अपने पास होने के कथित बयान पर कमलनाथ को विशेष जांच दल (एसआईटी) ने नोटिस भेजा और उनसे एसआईटी को पेन ड्राइव का अत्यंत महत्वपूर्ण सबूत सौंपने को कहा। एसआईटी के एक अधिकारी ने दंड प्रक्रिया संहिता (सीआरपीसी) की संबद्ध धाराओं के तहत भेजे गए नोटिस के हवाले से बताया, कमलनाथ के द्वारा 21 मई को ली गई ऑनलाइन पत्रकार वार्ता में कहा गया था कि हनीट्रैप प्रकरण की पेन ड्राइव/सीडी आपके पास मौजूद है। इस पत्रकार वार्ता का प्रसारण सोशल मीडिया पर भी किया गया है। नोटिस में कहा गया कि हनीट्रैप कांड को लेकर इंदौर के पलासिया थाने में दर्ज प्राथमिकी में पेनड्राइव/ सीडी अत्यंत महत्वपूर्ण सबूत है एवं इसके जरिये मामले की जांच को और प्रभावशाली तथा सुदृढ़ बनाया जा सकता है एवं नये तथ्यों का भी पता लगाया जा सकता है। नोटिस में कहा गया है कि कमलनाथ से अपेक्षित है कि वह दो जून को दोपहर साढ़े बारह बजे भोपाल के श्यामला हिल्स स्थित अपने निवास में उपस्थित रहें और एसआईटी में शामिल एक निरीक्षक को बयान दर्ज कराते हुए पेन ड्राइव/ सीडी का भौतिक सबूत सौंपें।

गौरतलब है कि हनीट्रैप गिरोह की पांच महिलाओं और उनके ड्राइवर को भोपाल और इंदौर से सितंबर 2019 में गिरफ्तार किया गया था। उस समय कमलनाथ नीत कांग्रेस सरकार सूबे की सत्ता में थी। पुलिस ने हनीट्रैप मामले में इंदौर की एक स्थानीय अदालत में 16 दिसंबर 2019 को पेश आरोप पत्र में कहा था कि यह संगठित गिरोह मानव तस्करी के जरिये भोपाल लायी गयी युवतियों के इस्तेमाल से धनवान लोगों और ऊंचे ओहदों पर बैठे लोगों को अपने जाल में फांसता था। फिर अंतरंग पलों के खुफिया कैमरे से बनाये गये वीडियो, सोशल मीडिया चैट के स्क्रीनशॉट आदि आपत्तिजनक सामग्री के आधार पर उन्हें ब्लैकमेल करता था। इस मामले की जांच के लिए एसआईटी गठित की गयी है।

Comment:Cancel reply

Exit mobile version