कूपर – अपोलो की डील अंतिम पड़ाव पर औद्योगिक घराने बोले- अमेरिकी टायर कंपनी को खरीदना गर्व की बात

  • 2013-06-06 04:39:00.0
  • उगता भारत ब्यूरो

कूपर – अपोलो की डील अंतिम पड़ाव पर औद्योगिक घराने बोले- अमेरिकी टायर कंपनी को खरीदना गर्व की बात

भारत में रबर और टायर की अग्रणी कंपनियों में से एक अपोलो टायर लिमिटेड, यूएस की बड़ी कंपनी कूपर टायर और रबर को. के साथ बड़ा करार बस आखिरी चरण में है। अब यह तय है कि इसमें कोई अड़चन नहीं है। हमारे विश्वस्त सूत्रों के मुताबिक, अपोलो टायर लि. के प्रबंध निदेशक ओंकार कंवर और उनके बेटे व कंपनी के वाइस चेयरमैन नीरज कंवर के लगातार अमेरिकी दौरे के बाद सारी अटकलों पर विराम लग चुका है और अब यह सफल कोशिश अंतिम पड़ाव पर है।
जानकारों के मुताबिक, ढाई बिलियन डॉलर की यह डील अगले एक-डेढ़ सप्ताह में संपन्न हो जाएगी। हालांकि अपोलो टायर कंपनी के एक शीर्ष अधिकारी बताते हैं कि अपोलो टायर कूपर टायर का शेयर कितने में खरीदेगा, इस पर अभी चर्चा हो ही रही है। वहीं, उद्योग जगत के जानकारों की मानें तो कूपर टायर के बेहतर बैकग्राउंड और अपोलो टायर का इसके प्रति खास रुचि के कारण अपोलो टायर कूपर टायर का शेयर 34 से 35 डॉलर में खरीद सकता है जिसका वर्तमान मूल्य 24 से 25 डॉलर है।
आपको बता दें कि अपोलो टायर के लिए यह डील बहुत अहम है क्योंकि क्योंकि अपोलो टायर इस समझौते को संपन्न करने के बाद टायर कंपनियों में विश्व में अपनी खास जगह बना लेगी। इसकी बड़ी वजह है कि अपोलो का काम जहां भारत, दक्षिण पूर्व एशिया, यूरोप, अफ्रीका में है, वहीं कूपर टायर का काम उत्तरी अमेरिका, चीन, लैटिन अमेरिका, अफ्रीका में है। यह समझौता भारत के उद्योग जगत के लिए भी अच्छी खबर है क्योंकि भारत की एक टायर कंपनी द्वारा अमेरिका की टायर कंपनी को खरीदना भारत में उद्योग जगत के लिए सकारात्मक संकेत है। बता दें कि कूपर लगभग 100 वर्ष पुरानी कंपनी है, लेकिन वर्तमान में इसके शेयर के दाम काफी नीचे चल रहे हैं जिसके कारण समझौते में अपोलो टायर काफी फायदा मिला। वहीं, वाइस चेयरमैन और युवा उद्यमी नीरज इस डील से काफी खुश हैं।